छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। बुधवार को कुल 12 सक्रिय नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया। इनमें दो एरिया कमेटी मेंबर भी शामिल हैं। सभी पर मिलाकर 18 लाख रुपए से अधिक का इनाम घोषित था।
नारायणपुर पुलिस अधीक्षक रोबिनसन गुड़िया के सामने इन नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया। इनमें एरिया कमेटी सदस्य, LOS-CNM, PPCM, मिलिट्री लाटून और जनताना सरकार के पदाधिकारी शामिल हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पूछताछ में नक्सलियों ने स्वीकार किया है कि शीर्ष माओवादी नेता ही आदिवासियों के असली दुश्मन हैं। वे जल-जंगल-जमीन और न्याय के नाम पर आदिवासियों को गुमराह कर गुलाम बनाते हैं।
गृह मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, 2025 में अब तक 241 से अधिक नक्सली मारे जा चुके हैं। वहीं, 2024 में 928 नक्सलियों ने सरेंडर किया था। 2025 के पहले चार महीनों में ही 718 नक्सली आत्मसमर्पण कर चुके हैं। गृह मंत्री अमित शाह ने मार्च 2026 तक नक्सलवाद के खात्मे का लक्ष्य तय किया है।
सरकार की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर सरेंडर करने वाले सभी नक्सलियों को 50-50 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि दी गई है। उन्हें पुनर्वास योजना के तहत सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। पुलिस का मानना है कि यह घटना सुरक्षाबलों के दबाव और आदिवासी समाज की बदलती सोच का साफ संकेत है।