Winter Health Tips :सर्दियों में हीटर चलाकर सोना हो सकता है खतरनाक, जानें सुरक्षित तरीके और बचाव के उपाय

हेल्थ डेस्क। सर्दियों में ठंड से बचने के लिए कई लोग रात में हीटर का इस्तेमाल करते हैं। हीटर कमरे को गर्म और आरामदायक बनाता है, लेकिन लगातार इसे चलाने से शरीर और स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। एक्सपर्ट का कहना है कि हीटर का सही तरीके से उपयोग करना जरूरी है। नहीं तो शरीर में पानी की कमी यानी डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ सकता है।
हीटर के कारण होने वाले खतरे
जब हीटर लगातार चलता है तो कमरे की हवा सूख जाती है और नमी कम हो जाती है। इससे त्वचा, होंठ और गला सूख जाता है। सूखी हवा के कारण आंखों में जलन, नाक में खुजली और सांस लेने में परेशानी भी हो सकती है।
इसके अलावा लंबे समय तक हीटर चलाने से सिरदर्द, थकान और नींद की गुणवत्ता में कमी भी आ सकती है। खासकर अस्थमा या एलर्जी वाले लोगों के लिए यह और ज्यादा हानिकारक है। वहीं, बंद कमरे में हीटर चलाने से ऑक्सीजन की कमी हो सकती है और यदि हीटर के पास जलने वाली चीजे रखी हो तो आग लगने का खतरा भी रहता है।
सुरक्षित तरीके से हीटर का उपयोग
एक्सपर्ट बताते हैं कि हीटर का इस्तेमाल सोच-समझकर करना चाहिए। सोने से पहले हीटर चलाकर कमरे को गर्म कर लें और फिर बंद कर दें। सोते समय हीटर न चलाएं और कमरे में हल्की वेंटिलेशन के लिए खिड़की थोड़ी खुली रखें। कमरे में नमी बनाए रखने के लिए एक बाल्टी पानी या ह्यूमिडिफायर का इस्तेमाल करना फायदेमंद है। फुल मोड की बजाय लो-मोड या टाइमर का उपयोग करना भी सुरक्षित रहता है। बच्चों और बुजुर्गों को हीटर से दूर रखना चाहिए। सोने से पहले हल्का मॉइस्चराइज़र लगाना और दिन भर पर्याप्त पानी पीना भी जरूरी है।
इलेक्ट्रिक ब्लैंकेट एक अच्छा ऑप्शन
हीटर की जगह इलेक्ट्रिक ब्लैंकेट या गर्म पानी की बोतल का इस्तेमाल करना सुरक्षित विकल्प हो सकता है। सही तरीके से हीटर का उपयोग करने से सर्दियों में गर्माहट के साथ-साथ स्वास्थ्य संबंधी जोखिम भी काफी हद तक कम किए जा सकते हैं।












