लखनऊ एयरपोर्ट के पास 3 मंजिला कैंप में लगी आग, मजदूरों ने कूदकर बचाई जान

लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के बाहर मंगलवार सुबह बड़ा हादसा हो गया। यहां मजदूरों के रहने के लिए बनाए गए तीन मंजिला अस्थायी कैंप में सुबह करीब 6:30 बजे अचानक आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में कई कमरे इसकी चपेट में आ गए। हादसे में दो मजदूर घायल हुए हैं। राहत की बात यह रही कि किसी की जान नहीं गई।
तीन मंजिला कैंप में रहते थे करीब 300 मजदूर
जानकारी के मुताबिक, मजदूरों के रहने के लिए बनाए गए इस अस्थायी कैंप में कुल 33 छोटे कमरे थे। यहां करीब 300 मजदूर रहते थे। कैंप प्लास्टिक पैनल यानी PVC से बनाया गया था। आग लगने के बाद लपटें तेजी से फैलने लगीं और बिल्डिंग के कई कमरों को अपनी चपेट में ले लिया। आग से उठने वाला धुआं करीब दो किलोमीटर दूर तक दिखाई दे रहा था। घटना की जानकारी मिलते ही एयरपोर्ट के सुरक्षा कर्मी और सरोजनी नगर पुलिस मौके पर पहुंच गई। इसके बाद फायर ब्रिगेड की छह गाड़ियों को आग बुझाने के लिए लगाया गया।
आग से बचने के लिए दूसरी मंजिल से कूदा मजदूर
इस हादसे में बिहार निवासी 30 वर्षीय मजदूर निर्मल मामूली रूप से झुलस गया। वहीं, प्रतापगढ़ के रहने वाले 26 वर्षीय राहुल कुमार आग से बचने के लिए दूसरी मंजिल से कूद गए। इस दौरान उन्हें चोटें आईं। दोनों घायलों को इलाज के लिए कृष्णानगर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज किया जा रहा है।
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एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर पाया काबू
आग लगने की सूचना मिलते ही दमकल की टीमें मौके पर पहुंचीं और बचाव कार्य शुरू किया। करीब एक घंटे तक चली मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। इस दौरान कैंप में रहने वाले मजदूरों को सुरक्षित निकालने की कोशिश की गई। हादसे में दो मजदूर घायल हुए, लेकिन किसी की मौत नहीं हुई। फिलहाल आग लगने की असली वजह का पता नहीं चल पाया है। पुलिस और संबंधित अधिकारी मामले की जांच कर रहे हैं।
टर्मिनल से 300 मीटर दूर था लेबर कैंप
जिस बिल्डिंग में आग लगी, वह एयरपोर्ट टर्मिनल से करीब 250 से 300 मीटर की दूरी पर थी। इस कैंप में रहने वाले मजदूर एयरपोर्ट परिसर में बन रहे एक होटल के निर्माण कार्य में लगे हुए थे। कैंप को अस्थायी तौर पर PVC यानी प्लास्टिक पैनल से बनाया गया था। बताया जा रहा है कि इसी सामग्री के कारण आग तेजी से फैल गई। हालांकि, आग की इस घटना का विमान सेवाओं के संचालन पर कोई असर नहीं पड़ा। फिलहाल अधिकारी आग लगने के कारणों का पता लगाने में जुटे हैं। जांच के बाद ही साफ हो पाएगा कि कैंप में आग कैसे लगी और इसके पीछे क्या वजह थी।


















