Aakash Waghmare
2 Feb 2026
स्पोर्ट्स डेस्क। टी20 वर्ल्ड कप 2026 की शुरुआत 7 फरवरी से हो रही है। जहां पहले मैच में भारतीय टीम का सामना अमेरिकी टीम से होगा। वहीं 15 फरवरी को भारत बनाम पाकिस्तान का हाई-वॉल्टेट मैच होने वाला है। हालांकि इससे पहले पाकिस्तान सरकार ने साफ कहा कि टीम टूर्नामेंट में हिस्सा जरूर लेगी। लेकिन बारत के खिलाफ अपने मैच बॉयकॉट करेगी।
इस फैसले से दोनों देशों के खेल पर तो असर पड़ेगा ही लेकिन इसके अलावा ICC को भी करोड़ों में नुकसान हो सकता है। चूंकि भारत-पाकिस्तान मैच हर बार सबसे ज्यादा चर्चाओं में रहता है। मैच के हर एक विज्ञापन के लिए कंपनियों को मोटी रकम चुकानी पड़ती है।
हर मैच में कई पक्षों का पैसा लगा होता है। जैसे ICC, मेजबान देश, स्पॉन्सर और ब्रॉडकास्टर। लेकिन सबसे ज्यादा दांव ब्रॉडकास्टर का होता है, क्योंकि वही टीवी और डिजिटल राइट्स खरीदने के लिए हजारों करोड़ रुपये खर्च करता है। ऐसे में अगर कोई बड़ी टीम मैच खेलने से मना करती है तो इसका सीधा असर ब्राडकॉस्टर के साथ-साथ ICC को उठाना पड़ता है।
ICC ने 2024 से 2027 तक होने वाले अपने सभी बड़े टूर्नामेंट्स के मीडिया राइट्स 3.2 बिलियन डॉलर करीब 26,700 करोड़ रुपये में जियोस्टार को बेचे हैं।
भारत–पाकिस्तान का एक सामान्य मैच करीब 120–140 करोड़ रुपये का माना जाता है
लेकिन टी20 वर्ल्ड कप में यही मैच 150–160 करोड़ रुपये तक पहुंच जाता है, क्योंकि उस दौरान विज्ञापनों की कीमत काफी ज्यादा होती है
भारत–पाकिस्तान मैच ब्रॉडकास्टर के लिए सबसे बड़ा पैसा कमाने वाला मुकाबला होता है।
सिर्फ टीवी विज्ञापनों से चैनल को लगभग 220–260 करोड़ रुपये मिलते हैं
वहीं डिजिटल प्लेटफॉर्म (ऐप, ओटीटी, सब्स्क्रिप्शन, ऑनलाइन एड्स) से करीब 60–90 करोड़ रुपये की कमाई होती है
अगर पाकिस्तान टीम मैच नहीं खेलती है या मुकाबला रद्द हो जाता है, तो:
विज्ञापन स्लॉट बिक नहीं पाएंगे
स्पॉन्सर्स पैसे रोक सकते हैं
डिजिटल सब्स्क्रिप्शन और व्यूअरशिप गिर जाएगी