Naresh Bhagoria
26 Jan 2026
अहमदाबाद। कॉमनवेल्थ गेम्स की कार्यकारी बोर्ड ने अहमदाबाद को 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स (CWG) की मेजबानी के लिए नॉमिनेट किया है। इस पर अंतिम फैसला 26 नवंबर 2025 को ग्लासगो में होने वाली कॉमनवेल्थ स्पोर्ट्स जनरल असेंबली में लिया जाएगा। भारत को मेजबानी के लिए नाइजीरिया के अबुजा शहर से चुनौती मिल रही थी, लेकिन बोर्ड ने भारत को 2030 और नाइजीरिया को 2034 संस्करण के लिए समर्थन देने का निर्णय लिया।
भारत पहले भी 2010 में नई दिल्ली में कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी कर चुका है। अगर अहमदाबाद को मंजूरी मिलती है, तो यह देश का दूसरा शहर होगा जो यह आयोजन करेगा। 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स की 100वीं एनिवर्सरी भी होगी।
गृह मंत्री अमित शाह ने अहमदाबाद की बिड को मंजूरी मिलने पर बधाई दी और इसे भारत के खेल क्षेत्र में वैश्विक मान्यता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि, यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अथक प्रयासों का समर्थन है, जिन्होंने देश में विश्वस्तरीय खेल अवसंरचना विकसित की है।
कॉमनवेल्थ गेम्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया की अध्यक्ष पी.टी. ऊषा ने कहा कि, यह आयोजन भारत की विश्वस्तरीय खेल क्षमता और आयोजन कौशल को प्रदर्शित करेगा और युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा।
अहमदाबाद ने कंपैक्ट सिटी मॉडल का प्रस्ताव पेश किया है। जिसमें खेल स्थल, प्रशिक्षण सुविधाएं और खिलाड़ियों के रहने की व्यवस्था पास-पास होंगी। इससे खिलाड़ियों, अधिकारियों और दर्शकों के लिए बेहतर अनुभव सुनिश्चित होगा। 2030 गेम्स में 72 देशों और क्षेत्रों के खिलाड़ी भाग लेंगे। इसमें हॉकी, क्रिकेट, बैडमिंटन, कुश्ती, टेबल टेनिस, रग्बी सेवन्स, बीच वॉलीबॉल, स्क्वैश और जिमनास्टिक्स जैसे खेल शामिल होंगे।
भारत अब तक तीन बड़े मल्टीस्पोर्ट्स आयोजन कर चुका है:
1951 - एशियन गेम्स, नई दिल्ली
1982 - एशियन गेम्स, नई दिल्ली
2010 - कॉमनवेल्थ गेम्स, नई दिल्ली
2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स के जरिए भारत अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर फिर से अपनी पकड़ मजबूत करेगा।
इस आयोजन से न केवल खेलों का प्रचार होगा, बल्कि रोजगार, पर्यटन और इवेंट मैनेजमेंट के क्षेत्रों में नए अवसर भी मिलेंगे। बोर्ड ने कहा कि, यह भारत के ‘विकसित भारत 2047’ के दृष्टिकोण में भी एक अहम पड़ाव होगा।