40 साल से ज्यादा समय तक छिपी रही 1934 की कार 79 लाख रुपए में बिकी, सिर्फ 64 हजार रुपए से शुरू हुई थी बोली

लंदन। 40 साल तक एक खलिहान में छिपी रहने के बाद 1934 की दुर्लभ 'क्रॉसली स्ट्रीमलाइन' कार 2026 की नीलामी में 62,000 पाउंड (78,68,252 रुपए) में बिकी है। यह क्लासिक कार दुनिया भर में मौजूद ऐसी सिर्फ दो कारों में से एक है। यह उन सात दुर्लभ प्री-वॉर गाड़ियों में शामिल थी, जो कैम्ब्रिजशायर के एक खलिहान में मिली थीं। इन्हें हम्बर्ट एंड एलिस लिमिटेड ने नीलामी के लिए पेश किया था। खास बात यह है कि इस विंटेज कार पर आज भी उसकी ओरिजिनल रजिस्ट्रेशन प्लेट ANB 487 लगी हुई है। इसे सर डेनिस्टन बर्नी द्वारा डिजाइन की गई एक विंटेज कॉन्सेप्ट कार के तौर पर जाना जाता है। नीलामी के दौरान इस कार के लिए बोली महज 500 पाउंड से शुरू हुई थी, लेकिन दुनियाभर के खरीदारों की दिलचस्पी के चलते 100 से ज्यादा बोलियां लगीं, जिसने इस दुर्लभ गाड़ी को सुर्खियों में ला दिया।
सिर्फ 500 पाउंड से शुरु हुई थी बोली
62,000 पाउंड की बिक्री में बदल गई नीलामी की शुरुआत सिर्फ 500 पाउंड की बोली से हुई थी, लेकिन देखते ही देखते इस पर विदेशों से 100 से ज्यादा बोलियां लगने लगीं, जो इस कार को लेकर अंतरराष्ट्रीय दिलचस्पी को दिखाता है। अंत में यह गाड़ी 62,000 पाउंड में बिकी। 'कैम्ब्रिजशायर लाइव' के मुताबिक, बोली £500 से शुरू होकर लगातार बढ़ती गई और आठ अंतरराष्ट्रीय खरीदारों ने इस पर 100 से अधिक बोलियां लगाईं। यह ऑनलाइन नीलामी हम्बर्ट एंड एलिस लिमिटेड द्वारा आयोजित की गई थी, जिसमें एक्सटेंशन के साथ बोलियां जारी रहीं।
खेती का सामान रखने की जगह में छिपी थी
'क्लासिक कार इंश्योरेंस' के अनुसार, क्रॉसली स्ट्रीमलाइन की कुल 25 कारें ही बनाई गई थीं और माना जाता है कि अब उनमें से केवल दो ही बची हैं। नीलामी में लाए जाने से पहले यह कार चार दशकों तक एक खलिहान में छिपी रही। यह उन सात गाड़ियों में से एक थी जो खलिहान (खेती का सामान रखने की जगह) से मिली थीं और बाद में बिक्री के लिए पेश की गईं। कैम्ब्रिजशायर लाइव की मूल रिपोर्ट में प्रोडक्शन की संख्या का जिक्र नहीं किया गया था, उसमें सिर्फ इतना बताया गया था कि यह मौजूदा ज्ञात दो कारों में से एक है। यह विंटेज कॉन्सेप्ट कार सर डेनिस्टन बर्नी की परिकल्पना थी, जिन्होंने R100 एयरशिप को डिजाइन करने में भी अहम भूमिका निभाई थी। रिपोर्ट के अनुसार, इस मॉडल की दूसरी ज्ञात कार लॉर्ड मोंटेग्यू ऑफ ब्यूलियू के पास मौजूद है।
सात अन्य गाड़ियां भी मिलीं
एक ही खलिहान में मिलीं युद्ध से पहले की सात दुर्लभ गाड़ियां क्रॉसली स्ट्रीमलाइन उस कलेक्शन का हिस्सा थी जिसमें खलिहान से सात दुर्लभ गाड़ियां मिली थीं। कैम्ब्रिजशायर लाइव की रिपोर्ट के अनुसार, यह कलेक्शन कई दशकों में इकट्ठा किया गया था। नीलामी में इन सातों गाड़ियों की बिक्री से कुल 110,000 पाउंड की कमाई हुई।
लगातार चलती रही बोली
दुर्लभ क्रॉसली स्ट्रीमलाइन ने दुनियाभर में खींचा ध्यानहम्बर्ट एंड एलिस के नीलामीकर्ता जोनाथन हम्बर्ट ने कहा कि अपनी दुर्लभता की वजह से क्रॉसली ने दुनियाभर के लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा। उन्होंने कार के टियरड्रॉप डिजाइन का जिक्र करते हुए इसे एयरशिप जैसी गाड़ी बताया और कहा कि इसकी लंबाई 18 फीट से ज्यादा थी। नीलामीकर्ता ने ऑनलाइन नीलामी के आखिरी पलों के बारे में भी जानकारी दी। कैम्ब्रिजशायर लाइव की रिपोर्ट के मुताबिक, हर नई बोली लगने पर नीलामी का समय पांच मिनट के लिए बढ़ जाता था और ऑफर आते रहने तक बोली जारी रही। आखिरकार क्रॉसली स्ट्रीमलाइन 500 पाउंड की शुरुआती बोली से शुरू होकर 62,000 पाउंड में बिकी।




















