Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

स्वतंत्रता दिवस पर सीएम साय के बड़े ऐलान, रायपुर में लागू होगी पुलिस कमिश्नर प्रणाली

- माओवाद खत्म करने, महिलाओं को सशक्त बनाने और विकास योजनाओं पर किया जोर
स्वतंत्रता दिवस पर सीएम साय के बड़े ऐलान, रायपुर में लागू होगी पुलिस कमिश्नर प्रणाली
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    रायपुर। 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ध्वजारोहण कर प्रदेशवासियों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं, जिनमें रायपुर में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू करने की घोषणा सबसे अहम रही। 

    सीएम ने कहा कि पायलट प्रोजेक्ट सफल रहा तो इसे बिलासपुर, दुर्ग सहित अन्य जिलों में भी लागू किया जाएगा। साथ ही उन्होंने नक्सलवाद उन्मूलन, महिलाओं के लिए योजनाओं, किसानों के हित में नीतियों और औद्योगिक विकास के लिए किए जा रहे प्रयासों पर भी विस्तार से बात की।

    रायपुर में शुरू होगी पुलिस कमिश्नर प्रणाली

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि रायपुर में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। 10 लाख से अधिक आबादी वाले जिलों में इस प्रणाली को लागू किया जाएगा। रायपुर में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर शुरू होने के बाद इसे अन्य बड़े जिलों में भी बढ़ाया जाएगा। इसके जरिए पुलिसिंग को और आधुनिक व प्रभावी बनाने का लक्ष्य है।

    Twitter Post

    2026 तक देश को माओवादी मुक्त करने का लक्ष्य

    सीएम साय ने बताया कि पिछले 20 महीनों में सुरक्षा बलों ने 450 माओवादियों को मार गिराया और 1,578 को गिरफ्तार किया है। बसवराजू और सुधाकर जैसे शीर्ष माओवादी नेता मारे जा चुके हैं। 1,589 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में वापसी की है। उनके पुनर्वास, कौशल विकास और रोजगार की व्यवस्था की गई है। उन्होंने दोहराया कि मार्च 2026 तक देश को माओवादी आतंक से मुक्त करने का लक्ष्य है।

    महिलाओं और किसानों के लिए विशेष योजनाएं

    साय ने महतारी वंदन योजना का जिक्र करते हुए बताया कि प्रदेश की 70 लाख महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है, जिससे वे आत्मनिर्भर बन रही हैं। कृषक उन्नति योजना के तहत धान के अलावा अन्य खरीफ फसल लेने वाले किसानों को भी 10 से 11 हजार रुपये प्रति एकड़ सहायता राशि दी जाएगी। पिछले खरीफ सीजन में 149 लाख मीट्रिक टन धान की रिकॉर्ड खरीदी की गई।

    शिक्षा और युवाओं के लिए पहल

    मुख्यमंत्री ने बताया कि नई शिक्षा नीति को लागू कर पूरे प्रदेश में शिक्षक-छात्र अनुपात राष्ट्रीय औसत से बेहतर किया गया है। सुकमा के दुर्गम इलाकों तक शिक्षकों की नियुक्ति हुई है। नवा रायपुर को सेंट्रल इंडिया की सिलिकॉन वैली बनाने और नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इंफॉर्मेशन टेक्नॉलजी की स्थापना की योजना भी साझा की गई। स्टार्टअप नीति के तहत 150 स्टार्टअप स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है।

    औद्योगिक निवेश और ई-कॉमर्स को बढ़ावा

    साय ने कहा कि नई औद्योगिक नीति में पावर सेक्टर पर विशेष जोर दिया गया है, जिसमें तीन लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। अब तक कुल छह लाख 65 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। ई-कॉमर्स और लॉजिस्टिक्स को बढ़ावा देने के लिए नई नीति बनाई गई है, जिससे इनलैंड कंटेनर डिपो और ड्राई पोर्ट में निवेश होगा।

    जनजातीय उत्थान और पर्यटन विकास

    तेन्दूपत्ता संग्राहकों की संग्रहण राशि बढ़ाकर 5,500 रुपये कर दी गई है और चरण पादुका योजना फिर से शुरू की गई है। बस्तर पंडुम और अन्य सांस्कृतिक आयोजनों से बस्तर को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर स्थान मिला है। धुड़मारास गांव को यूएन पर्यटन संगठन ने सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव के रूप में चुना है।

    'छत्तीसगढ़ अंजोर विजन' से 2047 तक विकसित राज्य का लक्ष्य

    सीएम साय ने बताया कि प्रधानमंत्री के ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए 'छत्तीसगढ़ अंजोर विजन' डॉक्यूमेंट तैयार किया गया है। इसमें निकटवर्ती, मध्यवर्ती और दीर्घकालिक लक्ष्य तय किए गए हैं। 13 विषय और 10 मिशनों के जरिए इन लक्ष्यों को हासिल करने की योजना है।

    Mithilesh Yadav
    By Mithilesh Yadav

    वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...

    Latest Posts