शरीर में कहीं भी अचानक गांठ या सूजन महसूस होना किसी के लिए भी चिंता का कारण बन सकता है। ज्यादातर गांठें सामान्य होती हैं और नुकसान नहीं करतीं, लेकिन कभी-कभी यह गंभीर बीमारी या कैंसर का संकेत भी हो सकती हैं। उदाहरण के तौर पर, 45-50 साल से अधिक उम्र की महिलाओं में ब्रेस्ट में गांठ ब्रेस्ट कैंसर के शुरुआती लक्षण हो सकते हैं।
Manipal Hospitals के अनुसार, शरीर में गांठ या सूजन कई कारणों से हो सकती है-
इंफेक्शन: बैक्टीरियल या वायरल संक्रमण के कारण लिम्फ नोड्स में सूजन या पस से भरी फुंसी बन सकती है। इसके साथ दर्द और बुखार भी हो सकता है।
सिस्ट: लिवर, किडनी या त्वचा के नीचे तरल पदार्थ से भरी थैलियां बन सकती हैं, जो सामान्यतः हानिकारक नहीं होतीं, लेकिन बड़ी होने पर परेशानी दे सकती हैं।
चोट या सूजन: मांसपेशियों और जोड़ों के आसपास चोट के कारण भी गांठ बन सकती है।
बेनाइन ग्रोथ: लिपोमा या फाइब्रोएडेनोमा धीरे-धीरे बढ़ती हैं और आमतौर पर दर्द रहित होती हैं।
कैंसर वाली गांठ: सख्त होती हैं, हिलती नहीं हैं, तेजी से बढ़ती हैं और शुरुआती दौर में दर्द नहीं देतीं।
गर्दन में गांठ: थायरॉयड या लार ग्रंथियों की समस्या या कैंसर का संकेत।
ब्रेस्ट की गांठ: सख्त हो, हिलती न हो, त्वचा या निप्पल में बदलाव दिखे या तेजी से बढ़ रही हो तो गंभीर मानी जाती है।
बगल या जांघ के पास: लिम्फ नोड्स की सूजन या लिम्फोमा से जुड़ी हो सकती है।
पट की गांठ: हर्निया, अंगों के बढ़ने या ट्यूमर का संकेत।
नोट: ऐसे लक्षण दिखें तो तुरंत डॉक्टर से जांच कराएं। समय पर पहचान और इलाज से गंभीर बीमारी को रोका जा सकता है।