Range Rover का इलेक्ट्रिक अवतार लॉन्च, 600KM रेंज के साथ 900mm गहरे पानी में भी दौड़ेगी!

जगुआर लैंड रोवर (JLR) ने आखिरकार अपनी पहली प्योर इलेक्ट्रिक Range Rover Electric को भारतीय बाजार में लॉन्च कर दिया है। कंपनी ने आज से इस लग्जरी इलेक्ट्रिक SUV की आधिकारिक बुकिंग भी शुरू कर दी है। इसमें डुअल इलेक्ट्रिक मोटर, 118.5 kWh की बैटरी और 600 किलोमीटर तक की WLTP प्रमाणित रेंज मिलती है। खास बात यह है कि कंपनी ने इसे सिर्फ शहरों और हाईवे के लिए नहीं, बल्कि ऑफ-रोडिंग को ध्यान में रखकर भी तैयार किया है। कंपनी का दावा है कि यह SUV 900 मिमी तक गहरे पानी में भी चल सकती है।
पहली बार प्योर इलेक्ट्रिक सेगमेंट में उतरी Range Rover
Range Rover Electric के साथ JLR ने पहली बार फुल बैटरी इलेक्ट्रिक व्हीकल सेगमेंट में एंट्री की है। कंपनी पिछले 5 दशकों से हाइब्रिड सेगमेंट में मौजूद रही है, लेकिन यह उसका पहला प्योर इलेक्ट्रिक व्हीकल है। कंपनी का कहना है कि Range Rover Electric में पावर, लग्जरी, ऑफ-रोडिंग क्षमता और इलेक्ट्रिक टेक्नोलॉजी का ऐसा संतुलन रखा गया है कि Range Rover के मौजूदा ग्राहकों को इसके इलेक्ट्रिक और ICE वर्जन के परफॉर्मेंस में कमी महसूस न हो।
आज से शुरू हुई बुकिंग, 8 साल की वारंटी
भारत में Range Rover Electric के अलग-अलग कॉन्फिगरेशन की बुकिंग आज से शुरू हो गई है। इसमें ऑटोबायोग्राफी ट्रिम के साथ शॉर्ट-व्हीलबेस वर्जन और SV, SV Ultra और SV Black ट्रिम में लॉन्ग-व्हीलबेस वर्जन शामिल हैं। कंपनी अपने SUV के प्रोपल्शन सिस्टम पर 8 साल या 1,60,000 किलोमीटर की वारंटी दे रही है। हालांकि, JLR ने साफ किया है कि अलग-अलग बाजारों में वारंटी की शर्तें अलग हो सकती हैं।
4.5 सेकंड में 0 से 100 kmph की रफ्तार
Range Rover Electric में दो 260 kW के परमानेंट मैग्नेट इलेक्ट्रिक मोटर दिए गए हैं। दोनों मोटर मिलकर 405 kW का अधिकतम पावर आउटपुट और 850 Nm का टॉर्क पैदा करते हैं। JLR के मुताबिक इसकी पावर डिलीवरी पेट्रोल V8 इंजन जैसी महसूस होगी। SUV सिर्फ 4.5 सेकंड में 0 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ सकती है। वहीं 80 से 120 kmph की रफ्तार पकड़ने में सिर्फ 2.7 सेकंड लगते हैं। मोटरों में सिलिकॉन कार्बाइड सेमीकंडक्टर का इस्तेमाल किया गया है। कंपनी के अनुसार इससे अलग-अलग ड्राइविंग कंडीशन में मोटरों की परफॉर्मेंस बेहतर होती है।
118.5 kWh बैटरी, 600 KM तक की रेंज
Range Rover Electric में 118.5 kWh का लिथियम-आयन डबल-स्टैक बैटरी पैक दिया गया है। इसमें 344 प्रिजमैटिक सेल हैं और यह 800-वोल्ट आर्किटेक्चर पर काम करती है। कंपनी का दावा है कि फुल चार्ज पर यह SUV करीब 600 किलोमीटर तक की WLTP प्रमाणित ड्राइविंग रेंज दे सकती है। वहीं रियल वर्ल्ड में कम से कम 535 किलोमीटर की रेंज मिलने का दावा किया गया है। चार्जिंग के लिए 350 kW DC फास्ट चार्जर का इस्तेमाल किया जा सकता है। इससे बैटरी 10 से 80 प्रतिशत तक करीब 22 मिनट में चार्ज हो सकती है। कंपनी के अनुसार सिर्फ 10 मिनट की चार्जिंग में करीब 220 किलोमीटर की रेंज मिल सकती है।
50 मिलीसेकंड में मोटर का रिस्पॉन्स
SUV में इंटिग्रेटेड ट्रैक्शन मैनेजमेंट यानी ITM सिस्टम दिया गया है। JLR का दावा है कि यह इलेक्ट्रिक मोटर के रिस्पॉन्स को सिर्फ 50 मिलीसेकंड में कंट्रोल कर सकता है। कंपनी के मुताबिक यह ट्रेडिशनल कंबशन इंजन सिस्टम की तुलना में करीब 100 गुना तेज है। इसके अलावा इंटेलिजेंट ड्राइवलाइन डायनमिक्स यानी IDD सिस्टम भी दिया गया है, जो जरूरत के हिसाब से पीछे के पहियों के बीच टॉर्क को बांटता है।
900mm गहरे पानी में भी चल सकती है SUV
Range Rover अपनी ऑफ-रोडिंग क्षमता के लिए जानी जाती है और कंपनी ने Electric मॉडल में भी इस क्षमता को बरकरार रखने का दावा किया है। कंपनी के मुताबिक Range Rover Electric 900 मिमी तक गहरे पानी में आसानी से चल सकती है। सिंगल-पेडल ड्राइविंग मोड की मदद से यह 33 डिग्री तक की ढलान पर आगे बढ़ सकती है, जबकि रोलिंग क्लाइंब के दौरान 45 डिग्री तक का ग्रेडिएंट पार कर सकती है। SUV में ट्विन-चैंबर एयर सस्पेंशन भी दिया गया है, जिससे राइड को आरामदायक बनाने में मदद मिलती है।
300 से ज्यादा पेटेंट और बैटरी की खास निगरानी
Range Rover Electric के लिए JLR ने अपने इतिहास में पहली बार 300 से ज्यादा पेटेंट कराए हैं। इसमें थर्मअसिस्ट हीट मैनेजमेंट सिस्टम भी शामिल है। कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम बेहद गर्म या ठंडे मौसम में बैटरी, चार्जिंग और ड्राइविंग रेंज को बेहतर तरीके से मैनेज करता है। इससे रेंज में 40 किलोमीटर तक का इजाफा और हीटिंग के दौरान एनर्जी कंजप्शन में करीब 40 प्रतिशत तक की कमी हो सकती है। SUV में बैटरी डिजिटल ट्विन नाम का मॉनिटरिंग सिस्टम भी दिया गया है, जो बैटरी से जुड़े 900 से ज्यादा डायग्नोस्टिक डेटा पॉइंट्स पर नजर रखता है। इसके अलावा OTA यानी ओवर-द-एयर सॉफ्टवेयर अपडेट तकनीक भी दी गई है।
-40 डिग्री से 90 डिग्री तक टेस्टिंग
JLR ने लॉन्च से पहले Range Rover Electric की कड़ी टेस्टिंग की है। कंपनी के अनुसार प्रोटोटाइप और टेस्ट कारों ने दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में 15 लाख किलोमीटर से ज्यादा की फिजिकल टेस्टिंग पूरी की। इसमें स्वीडन के अर्जेपलॉग में -40 डिग्री सेल्सियस तक के तापमान में टेस्टिंग और दुबई के रेगिस्तान में किए गए परीक्षण भी शामिल हैं। कंपनी के मुताबिक बैटरी की मजबूती और सुरक्षा के लिए 2.5 लाख घंटे से ज्यादा वर्चुअल टेस्टिंग की गई है। JLR का दावा है कि यह किसी भी पिछले Range Rover मॉडल की तुलना में सबसे ज्यादा टेस्टिंग है। बैटरी की सुरक्षा जांचने के लिए इसे -40 डिग्री से 90 डिग्री सेल्सियस तक के तापमान में मल्टी-एक्सिस वाइब्रेशन और शॉक टेस्ट से भी गुजारा गया है।




















