नई दिल्ली। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान जैसे ही नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बोलना शुरू किया, सदन में हंगामा खड़ा हो गया। राहुल ने कहा कि पूर्व सेना प्रमुख एमएम नरवणे की एक किताब है और उन्होंने सदस्यों से ध्यानपूर्वक सुनने को कहा कि वे उसमें से क्या पढ़ने जा रहे हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि असली देशभक्त कौन है और कौन नहीं। इतना कहते ही सदन में शोर-शराबा शुरू हो गया।
राहुल के सवाल पर रक्षा मंत्री ने मांगा सबूत
राहुल गांधी ने आगे कहा कि डोकलाम में चार चीनी टैंक भारत की सीमा में प्रवेश कर रहे थे और वे भारतीय क्षेत्र से महज करीब 100 मीटर की दूरी पर थे। राहुल द्वारा यह बात पढ़े जाने के तुरंत बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह अपनी सीट से खड़े हो गए और उन्होंने कहा कि यदि ये बातें कहीं प्रकाशित हुई हैं तो उनका स्पष्ट संदर्भ दिया जाए, अन्यथा इन्हें न पढ़ा जाए।
ओम बिड़ला की नसीहत- ऑथेंटिक स्तर पर रखे बात
स्पीकर ओम बिरला ने कहा, राहुल जी आप सदन में नेता विपक्ष हैं। सांसद प्रियंका ने एक बात कही थी तो उन्होंने ऑथेंटिक स्तर पर अपनी बातें रखी थी। आपसे भी यही अपील है'...इसके जवाब में राहुल ने कहा, 'ये सौ प्रतिशत ऑथेंटिक है। दूसरी ओर राजनाथ सिंह ने कहा कि राहुल बताएं कि क्या यह प्रकाशित हुआ है या नहीं केवल इतना बताएं।' जिसके बाद लोकसभा में एनडीए और विपक्ष ने हंगामा शुरू कर दिया।




















