बजट सत्र 2026 :संसद में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर आएगा धन्यवाद प्रस्ताव, 4 फरवरी को PM मोदी देंगे जवाब

नई दिल्ली। संसद का बजट सत्र 28 जनवरी से चल रहा है और आज से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा शुरू होने जा रही है। लोकसभा में इस चर्चा के लिए 18 घंटे और राज्यसभा में 16 घंटे का समय निर्धारित किया गया है। राष्ट्रपति ने 28 जनवरी को संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए सरकार की वर्तमान नीतियों और भावी एजेंडे पर विस्तार से प्रकाश डाला। अब सांसद इस अभिभाषण पर अपनी राय रखेंगे और बजट के विभिन्न पहलुओं पर बहस करेंगे।
धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा की शुरुआत
लोकसभा में आज केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पेश करेंगे। इसके बाद सत्ताधारी दल और विपक्ष दोनों के सांसद इस पर बहस में हिस्सा लेंगे। भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या इस प्रस्ताव का समर्थन करेंगे।
विपक्ष के नेता राहुल गांधी, तारिक अनवर, अमरिंदर राजा वडिंग, एंटो एंटोनी और ज्योतिमणि भी धन्यवाद प्रस्ताव पर बोलेंगे। राज्यसभा में भाजपा सांसद सी. सदानंदन मास्टर प्रस्ताव पेश करेंगे, जबकि मेधा विश्राम कुलकर्णी इसका समर्थन करेंगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोकसभा में 4 फरवरी और राज्यसभा में 5 फरवरी को इस चर्चा का जवाब देंगे। इसके बाद संसद में बजट पर सामान्य चर्चा शुरू होगी।
बजट सत्र का शेड्यूल
बजट सत्र 2026 को दो चरणों में आयोजित किया जा रहा है:
पहला चरण (28 जनवरी - 13 फरवरी)
28 जनवरी: बजट सत्र की शुरुआत
29 जनवरी: आर्थिक सर्वेक्षण पेश
1 फरवरी: आम बजट 2026-27 पेश
2-4 फरवरी: राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा
5-13 फरवरी: बजट पर सामान्य चर्चा
दूसरा चरण (9 मार्च - 2 अप्रैल)
9-25 मार्च: मंत्रालयों की डिमांड पर ग्रांट चर्चा
26-31 मार्च: अनुदान मांगों पर वोटिंग, विनियोग विधेयक, वित्त विधेयक
2 अप्रैल: बजट सत्र समाप्त
सत्र की कुल बैठकों की संख्या पहले चरण में 12 और दूसरे चरण में 18 है।
आर्थिक सर्वेक्षण और बजट पेशगी
29 जनवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में देश का आर्थिक सर्वेक्षण पेश किया। इसमें वित्त वर्ष 2026-27 के लिए GDP ग्रोथ 6.8% से 7.2% अनुमानित की गई। 1 फरवरी को बजट 2026-27 पेश किया गया। बजट भाषण के मुख्य बिंदु-
- रक्षा बजट में 15% की वृद्धि (ऑपरेशन सिंदूर के बाद)
- इनकम टैक्स में कोई बड़ा बदलाव नहीं, लेकिन टैक्स फाइलिंग आसान
- रेलवे प्रोजेक्ट पर ध्यान और 3 नए आयुर्वेदिक AIIMS की घोषणा
पीएम मोदी ने बजट पेशगी के बाद मीडिया से कहा कि सरकार की पहचान रही है रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म, और अब रिफॉर्म एक्सप्रेस पर काम तेज हुआ है।
संसद में विरोध और प्रदर्शन
- संसद के बजट सत्र में विपक्षी सांसद भी सक्रिय हैं।
- केरल के सांसदों ने बजट को 'केरल विरोधी' बताया और संसद परिसर में विरोध प्रदर्शन किया।
- आरजेडी नेताओं ने बिहार से संबंधित मुद्दों और मांगों पर प्रदर्शन किया।
- कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने आरोप लगाया कि, पीएम मोदी ने मानव तस्करी और नाबालिगों के यौन शोषण के मामलों में जेफ्री एपस्टीन की सलाह मानी।
- इसके अलावा, कांग्रेस नेताओं ने कहा कि मनरेगा एक परिवर्तनकारी कानून था, जिसे केंद्र की नई योजना ने दरकिनार किया है।
स्वास्थ्य और न्याय से जुड़े मुद्दे
सांसदों ने विभिन्न क्षेत्रीय मुद्दों को भी उठाया:
- पश्चिम बंगाल के सांसद सौगत रॉय ने छोटी डिस्पेंसरी की मंजूरी और डॉक्टर तैनाती का सवाल उठाया।
- यूपी के सांसद डॉ. लक्ष्मण ने न्यायाधीशों की भर्ती के लिए एक समान राष्ट्रीय प्रणाली की मांग की।
- AIADMK के सांसद एम. धनपाल ने तमिलनाडु की पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता को भारत रत्न देने की मांग की।
लोकसभा और राज्यसभा में वक्ताओं की संख्या
संसदीय कार्य मंत्री किरण रिजिजू ने बताया कि लोकसभा में धन्यवाद प्रस्ताव पर आज 5 वक्ता बोलेंगे। इसके अलावा, पीएम मोदी 4 फरवरी को लोकसभा और 5 फरवरी को राज्यसभा में जवाब देंगे।
धन्यवाद प्रस्ताव के बाद ही बजट पर सामान्य चर्चा शुरू होगी और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 11 फरवरी को बजट से जुड़े सवालों का जवाब देंगी।
लंबित विधेयक और अन्य चर्चाएं
लोकसभा में वर्तमान समय में 9 लंबित विधेयक हैं, जिनमें प्रमुख रूप से विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक 2025, प्रतिभूति बाजार संहिता 2025 और संविधान (129वां संशोधन) विधेयक 2024 शामिल हैं। इन सभी विधेयकों की गहन जांच संसद की स्थायी या प्रवर समितियों द्वारा की जा रही है, ताकि उनके प्रावधानों और प्रभावों का समुचित मूल्यांकन किया जा सके।











