स्पोर्ट्स डेस्क। इंडिया विमेंस टीम ने पहली बार खेले गए ब्लाइंड विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में खिताब जीतकर इतिहास रच दिया है। रविवार को कोलंबो में खेले गए फाइनल मैच में भारत ने नेपाल को 7 विकेट से हराकर ट्रॉफी अपने नाम की। इससे पहले टीम ने सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को 9 विकेट से शिकस्त दी थी।
फाइनल मुकाबला पी सारा ओवल स्टेडियम में खेला गया। यहां इंडिया विमेंस टीम ने टॉस जीतकर पहले बॉलिंग चुनी। टीम की कप्तानी टीसी दीपीका ने की। बल्लेबाजी करने उतरी नेपाल की टीम 20 ओवर में 5 विकेट के नुकसान पर 114 रन तक ही बना सकी। पूरे मैच में भारतीय गेंदबाजों ने बेहद सटीक गेंदे फेंकी साथ ही फील्डिंग भी बेहतर रही। जिससे भारत की गेंदबाजों ने नेपाल की बैटर्स को एक ही बाउंड्री लगाने दी। इंडिया विमेंस ने फिर 12 ओवर में महज 3 विकेट गंवाकर टारगेट हासिल कर लिया।
इंडिया विमेंस के लिए फुला सारेन ने 27 गेंद पर 44 रन की नॉटआउट पारी खेली और टीम को चैंपियन बनाया। भारत ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेमीफाइनल भी 12 ओवर में ही जीत लिया था। तब ऑस्ट्रेलिया विमेंस ने 109 रन बनाए थे, इंडिया विमेंस ने 1 ही विकेट खोकर टारगेट हासिल कर लिया था। टीम इंडिया को पूरे टूर्नामेंट में एक भी हार नहीं मिली।
जहां आम क्रिकेट अपने अलग ढंग से खेला जाता है। जबकि ब्लाइंड क्रिकेट प्लास्टिक बॉल से खेला जाता है। गेंद में लोहे की बैरिंग लगी होती है, जो टप्पा खाने पर आवाज करती है। टीम में 3 तरह की ब्लाइंड प्लेयर्स शामिल होती हैं। B1 (पूरी तरह ब्लाइंड), B2 और B3 (इन्हें कुछ-कुछ दिखाई देता है)। मुकाबले के लिए टीमों में तीनों तरह की प्लेयर्स होना जरूरी है। दूसरी गेंदबाज अंडरआर्म बॉलिंग करते हैं। वहीं B1 बैटर्स सुरक्षा के लिए रनर रखते हैं, हर रन को 2 रन माना जाता है।
विमेंस ब्लाइंड टी20 वर्ल्ड कप 2025 में कुल छह देशों ने हिस्सा लिया। जिसमें भारत, नेपाल, पाकिस्तान, श्रीलंका, ऑस्ट्रेलिया और संयुक्त राज्य अमेरिका शामिल थे।