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AI-171 हादसे में पायलट के पिता ने सुप्रीम कोर्ट में दायर की याचिका, न्यायिक जांच की मांग

पायलट के पिता ने सुप्रीम कोर्ट से स्वतंत्र जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि AAIB की रिपोर्ट में पक्षपातपूर्ण, तकनीकी पहलुओं पर अनदेखी की गई है।
AI-171 हादसे में पायलट के पिता ने सुप्रीम कोर्ट में दायर की याचिका, न्यायिक जांच की मांग
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    नई दिल्ली। अहमदाबाद में AI-171 विमान हादसे में मारे गए पायलट कैप्टन सुमित सभरवाल के पिता पुष्कराज सभरवाल ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। उन्होंने जांच में पारदर्शिता और विश्वसनीयता की कमी का आरोप लगाते हुए न्यायिक निगरानी में स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है। बता दें, कि 12 जून 2025 को एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 अहमदाबाद में क्रैश हो गई थी। जिसे कैप्टन सुमित सभरवाल और फर्स्ट ऑफिसर क्लाइव कुंदर उड़ा रहे थे। 

    जांच में तकनीकी पहलुओं की अनदेखी का आरोप

    याचिकाकर्ता का कहना है कि हादसे की प्रारंभिक जांच में गंभीर खामियां हैं और पूरा ध्यान उन पायलटों पर केंद्रित कर दिया गया है जो अब अपना बचाव नहीं कर सकते हैं। बता दें, यह याचिका पुष्कराज सभरवाल और फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स द्वारा दायर की गई है। एयरक्राफ्ट एक्सिडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) की रिपोर्ट में दुर्घटना का कारण मानवीय भूल को बताया गया है, लेकिन मृतकों के परिजन और पायलट संगठन मानते हैं कि जांच में तकनीकी और प्रक्रियागत पहलुओं की सही तरीके से समीक्षा नहीं की गई।

    जांच समिति की संरचना पर उठे सवाल

    याचिका में जांच समिति की संरचना पर भी सवाल उठाए गए हैं। याचिकाकर्ताओं का कहना है कि समिति में अधिकांश सदस्य डीजीसीए और राज्य विमानन विभाग से जुड़े हैं। वही एजेंसियां जिनकी कार्यप्रणाली और निगरानी इस हादसे में संदेह के घेरे में है। उनका तर्क है कि ऐसी स्थिति में जांच निष्पक्ष नहीं मानी जा सकती, क्योंकि संबंधित एजेंसियां स्वयं अपने ही काम की जांच कर रही हैं, जो प्राकृतिक न्याय के सिद्धांत के खिलाफ है।

    जांच निष्पक्षता से करने की अपील

    कैप्टन सुमीत सभरवाल का विमानन करियर 30 वर्षों तक पूरी तरह बेदाग रहा, जिसमें उन्होंने कुल 15,638 घंटे की सुरक्षित उड़ान भरी। वे बोइंग 787-8 विमान पर 8,596 घंटे तक बिना किसी दुर्घटना के उड़ान भर चुके थे। याचिका में मांग की गई है कि इस भीषण हादसे की जांच सुप्रीम कोर्ट के एक सेवानिवृत्त जज की अध्यक्षता वाली स्वतंत्र और विशेषज्ञ समिति से करवाई जाए, ताकि जांच निष्पक्ष और पारदर्शी हो सके तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।

    कब हुआ हादसा?

    12 जून 2025 को एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 अहमदाबाद से लंदन गैटविक के लिए उड़ान भर रही थी। टेक-ऑफ के कुछ ही सेकंड बाद विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में 12 क्रू मेंबर और 229 यात्रियों की जान चली गई, जबकि एक यात्री जीवित बच गया था। विमान एक मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल से टकराया, जिससे वहां रह रहे 19 लोगों की भी मौत हो गई।

    Priyanshi Soni
    By Priyanshi Soni

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