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बिहार चुनाव से लागू होगी नई व्यवस्था, पोस्टल बैलट की गिनती पूरी होने तक रुकेगी EVM काउंटिंग, काउंटिंग पर चुनाव आयोग ने बदले नियम

बिहार चुनाव से लागू होगी नई व्यवस्था, पोस्टल बैलट की गिनती पूरी होने तक रुकेगी EVM काउंटिंग, काउंटिंग पर चुनाव आयोग ने बदले नियम
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    नई दिल्ली। चुनाव आयोग (ECI) ने वोटों की गिनती के नियमों में अहम बदलाव किया है। अब पोस्टल बैलट की गिनती पूरी होने तक ईवीएम (EVM) की काउंटिंग को रोका जाएगा। आयोग का कहना है कि नई व्यवस्था से मतगणना प्रक्रिया में पारदर्शिता और स्पष्टता बढ़ेगी। यह नियम सबसे पहले बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में लागू किया जाएगा।

    अब दो चरणों में होगी गिनती

    चुनाव आयोग ने मतगणना को लेकर नई प्रक्रिया तय की है।

    • पहला चरण: सुबह 8 बजे से पोस्टल बैलट और इलेक्ट्रॉनिकली ट्रांसमिटेड पोस्टल बैलट (ETPB) की गिनती शुरू होगी।
    • दूसरा चरण: सुबह 8:30 बजे से ईवीएम की गिनती शुरू होगी, लेकिन EVM की गिनती का दूसरा अंतिम राउंड (Second Last Round) तभी होगा जब तक पोस्टल बैलट की गिनती पूरी नहीं हो जाती।

    इससे यह सुनिश्चित होगा कि अंतिम नतीजे घोषित करने से पहले सभी पोस्टल वोटों को जोड़ा जा चुका हो।

    पहले क्या थी व्यवस्था

    • अब तक पोस्टल बैलट की गिनती सुबह 8 बजे और ईवीएम की गिनती 8:30 बजे शुरू होती थी।
    • पुराने नियमों के तहत ईवीएम की गिनती पोस्टल बैलट की गिनती पूरी होने से पहले ही समाप्त हो सकती थी।
    • कई बार ईवीएम की गिनती जल्दी पूरी हो जाने से परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया पर सवाल उठते थे। 
    • नई व्यवस्था से अब पोस्टल बैलट की गिनती को प्राथमिकता दी जाएगी और ईवीएम की गिनती अंतिम चरण तक पोस्टल बैलट के पूरा होने का इंतजार करेगी।

    बैलट ज्यादा होने पर बढ़ेंगे काउंटिंग टेबल

    चुनाव आयोग ने निर्देश दिया है कि जिन केंद्रों पर पोस्टल बैलट की संख्या अधिक होगी, वहां अतिरिक्त काउंटिंग टेबल और पर्याप्त कर्मचारी तैनात किए जाएं। इससे पोस्टल बैलट की गिनती तेजी से पूरी हो सकेगी। समय पर परिणाम सुनिश्चित करने के लिए रिटर्निंग ऑफिसर्स (ROs) को विशेष व्यवस्था करने के आदेश दिए गए हैं।

    क्यों बढ़ी पोस्टल बैलट की संख्या

    पिछले कुछ वर्षों में चुनाव आयोग ने दिव्यांग मतदाताओं और 85 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को घर से वोट डालने की सुविधा दी है।

    • इस पहल के बाद पोस्टल बैलट वोटों की संख्या में भारी इजाफा हुआ है।
    • आयोग का कहना है कि हर वोट की गिनती सुनिश्चित करने और भ्रम से बचने के लिए यह बदलाव जरूरी था।

    बिहार चुनाव से होगी शुरुआत

    नई व्यवस्था सबसे पहले बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में लागू होगी। यहां नवंबर में मतदान होना है। इसके बाद यह नियम सभी लोकसभा और विधानसभा चुनावों पर लागू होगा।

    पारदर्शिता और भरोसा बढ़ाने की कोशिश

    चुनाव आयोग ने पिछले छह महीनों में चुनावी प्रक्रिया को बेहतर बनाने के लिए 30 से अधिक पहलें की हैं।

    • इनमें मोबाइल जमा सुविधा, पोलिंग बूथों की वेबकास्टिंग और टेक्नोलॉजी का उपयोग शामिल है।
    • पोस्टल बैलट नियमों में यह बदलाव आयोग की उन कोशिशों का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य चुनावी प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और भरोसेमंद बनाना है।
    Mithilesh Yadav
    By Mithilesh Yadav

    वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

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