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सिर्फ नहाना काफी नहीं! शरीर को लंबे समय तक फ्रेश रखने के लिए अपनाएं ये टिप्स

नहाने के कुछ देर बाद ही शरीर से फ्रेशनेस और अच्छी खुशबू गायब होने के पीछे पसीना, त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया और आपकी स्किन केयर की आदतें जिम्मेदार हो सकती हैं।
सिर्फ नहाना काफी नहीं! शरीर को लंबे समय तक फ्रेश रखने के लिए अपनाएं ये टिप्स
शरीर को लंबे समय तक फ्रेश रखने के लिए अपनाएं ये टिप्स

नहाने के बाद शरीर साफ और फ्रेश महसूस होता है। कुछ लोगों के शरीर से लंबे समय तक अच्छी खुशबू आती रहती है, जबकि कुछ लोगों के मामले में थोड़ी देर बाद ही फ्रेशनेस गायब हो जाती है। अगर आपके साथ भी ऐसा होता है तो जरूरी नहीं कि आप शरीर की सफाई ठीक से नहीं करते हों। इसके पीछे आपकी त्वचा, पसीने और त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया की भूमिका हो सकती है। दरअसल नहाने से शरीर की सतह पर मौजूद पसीना और गंदगी साफ हो जाती है लेकिन पसीना आने और शरीर से गंध पैदा होने की प्रक्रिया पूरी तरह खत्म नहीं होती। नहाने के कुछ समय बाद जब शरीर दोबारा गर्म होता है और पसीना निकलता है, तो त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया फिर सक्रिय हो सकते हैं। ऐसे में शरीर की गंध बदलने लगती है। गर्मी और उमस वाले मौसम में यह प्रक्रिया और तेजी से हो सकती है।

पसीना खुद नहीं पैदा करता शरीर में बदबू

अक्सर लोग मानते हैं कि पसीने की वजह से ही शरीर से बदबू आती है, लेकिन सामान्य तौर पर पसीना खुद गंधहीन होता है। इसमें मुख्य रूप से पानी के साथ थोड़ी मात्रा में नमक और प्रोटीन जैसे तत्व होते हैं। बदबू तब पैदा होती है, जब त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया पसीने के कुछ घटकों को तोड़ते हैं। इस प्रक्रिया में फैटी एसिड और अमोनिया जैसे कंपाउंड बनते हैं, जो शरीर की गंध की बड़ी वजह होते हैं। मानव शरीर में मुख्य रूप से दो तरह की स्वेट ग्लैंड्स यानी पसीने की ग्रंथियां होती हैं।

एक्राइन ग्लैंड्स: ये शरीर के ज्यादातर हिस्सों में मौजूद होती हैं। गर्मी या एक्सरसाइज के दौरान इनसे पानी जैसा पसीना निकलता है, जो शरीर का तापमान नियंत्रित रखने में मदद करता है।

एपोक्राइन ग्लैंड्स: ये खासतौर पर बगल और ग्रोइन जैसे हिस्सों में अधिक सक्रिय होती हैं। इनसे निकलने वाला पसीना अपेक्षाकृत गाढ़ा होता है और इसमें प्रोटीन व अन्य कार्बनिक तत्व मौजूद होते हैं। जब त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया इन तत्वों को तोड़ते हैं, तो शरीर से तेज गंध आने लगती है।

नहाने के बाद दोबारा क्यों आने लगती है शरीर से गंध?

नहाने से त्वचा की सतह पर मौजूद पसीना और बैक्टीरिया की मात्रा कुछ समय के लिए कम हो जाती है। इससे शरीर साफ और फ्रेश महसूस होता है। हालांकि त्वचा की परतों और बालों के आसपास मौजूद सभी बैक्टीरिया पूरी तरह खत्म नहीं होते। नहाने के बाद जैसे ही शरीर का तापमान बढ़ता है, दोबारा पसीना निकलने लगता है। इसके संपर्क में आने पर त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया फिर सक्रिय हो सकते हैं और गंध पैदा करने लगते हैं। यही वजह है कि नहाने के कुछ समय बाद भी शरीर से बदबू आने लगती है। इसके अलावा गर्म और उमस वाला मौसम पसीने की समस्या बढ़ा सकता है। तनाव भी इसमें भूमिका निभाता है क्योंकि तनाव के दौरान एपोक्राइन ग्लैंड्स से निकलने वाला पसीना शरीर की गंध को प्रभावित कर सकता है।

लंबे समय तक फ्रेश रहने के लिए अपनाएं ये आदतें

सिर्फ नहाना ही शरीर को लंबे समय तक फ्रेश रखने के लिए पर्याप्त नहीं है। नहाने के बाद की कुछ आदतें भी इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

1. सही बॉडी वॉश का चुनाव करें

बॉडी वॉश या क्लेंजर का चुनाव करते समय अपनी त्वचा के प्रकार का ध्यान रखें। बहुत ज्यादा स्ट्रॉन्ग क्लेंजर त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा परत यानी स्किन बैरियर को नुकसान पहुंचा सकता है। वहीं, ऐसा क्लेंजर इस्तेमाल करना भी सही नहीं है जो पसीने और गंदगी को ठीक से साफ न करे। इसलिए माइल्ड क्लेंजर का इस्तेमाल करना बेहतर रहता है, जो त्वचा को साफ करने के साथ उसकी प्राकृतिक नमी भी बनाए रखने में मदद करे।

2. नहाने के तुरंत बाद लगाएं मॉइस्चराइजर

कई लोग नहाने के बाद मॉइस्चराइजर लगाना जरूरी नहीं समझते जबकि त्वचा को मॉइस्चराइज रखना उसकी प्राकृतिक सुरक्षा परत को सपोर्ट करता है। नहाने के तुरंत बाद जब त्वचा हल्की नम हो, तब बॉडी मॉइस्चराइजर लगाना बेहतर रहता है। इससे त्वचा की नमी को बनाए रखने में मदद मिलती है। नहाने के करीब दो मिनट के भीतर मॉइस्चराइजर लगाने से इसका फायदा मिल सकता है।

3. शरीर को अच्छी तरह सुखाएं

नहाने के बाद खासतौर पर बगल, पैरों की उंगलियों के बीच और त्वचा की सिलवटों वाले हिस्सों को अच्छी तरह सुखाएं। इन जगहों पर नमी बनी रहने से बैक्टीरिया और फंगस के पनपने के अनुकूल माहौल बन सकता है। साफ और सूखे शरीर पर कपड़े पहनना बेहतर रहता है।

4. साफ और सांस लेने वाले कपड़े पहनें

पसीने से भीगे कपड़े लंबे समय तक पहनने से शरीर में गंध बढ़ सकती है। इसलिए रोज साफ कपड़े पहनें और पसीने से गीले कपड़ों को जल्द बदलें। सूती या ऐसे कपड़े चुनें जिनसे हवा आसानी से गुजर सके। इससे शरीर में नमी और गर्मी कम जमा होती है।

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डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी

अगर नियमित सफाई और सही स्किन केयर के बावजूद शरीर से लगातार तेज गंध आती है या शरीर की गंध में अचानक बदलाव दिखाई देता है, तो डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है। कुछ मामलों में त्वचा संक्रमण, हार्मोनल बदलाव या अन्य स्वास्थ्य संबंधी स्थितियां भी शरीर की गंध को प्रभावित कर सकती हैं।

Dr. Sumit  Shrivastava
By Dr. Sumit Shrivastava

सुमित श्रीवास्तव एक अनुभवी मीडिया प्रोफेशनल, बिजनेस पत्रकार और शोधकर्ता हैं। मास कम्युनिकेशन में M.P...

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