नंदीग्राम उपचुनाव में बड़ा सियासी खेल, कांग्रेस प्रत्याशी गिरफ्तार; ममता बनर्जी ने आज ही दिया था समर्थन

संचिता प्रधान डे ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से मुलाकात के बाद नंदीग्राम उपचुनाव से अपनी दावेदारी वापस ली, जबकि नामांकन वापसी की अंतिम तारीख 19 सितंबर है। इसके बाद ममता बनर्जी ने नंदीग्राम में कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को समर्थन देने की घोषणा की और इसे विपक्षी एकजुटता से जोड़ा। समर्थन के कुछ घंटे बाद पश्चिम बंगाल पुलिस ने मिलन प्रधान को पुराने मामले में गिरफ्तार कर लिया, जिस पर कांग्रेस नेताओं ने सवाल उठाए और राजनीतिक कार्रवाई का आरोप लगाया। वहीं पुलिस के मुताबिक, प्रधान के खिलाफ पुराने मामलों में गिरफ्तारी वारंट जारी थे और कार्रवाई उसी आधार पर की गई है।
संचिता प्रधान डे ने वापस लिया नामांकन
ममता बनर्जी खेमे की ओर से उम्मीदवार बनाई गईं संचिता प्रधान डे पेशे से टीचर हैं। शुक्रवार को वह अपने पति सत्यजीत के साथ राज्य सचिवालय नबन्ना पहुंचीं और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने नंदीग्राम उपचुनाव से अपना नामांकन वापस ले लिया। नामांकन वापसी की अंतिम तारीख 19 सितंबर है, जबकि उनके नाम वापस लेने की तत्काल वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है।
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ममता ने कांग्रेस उम्मीदवार को दिया समर्थन
संचिता प्रधान डे के नामांकन वापस लेने के बाद ममता बनर्जी ने नंदीग्राम से कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को समर्थन देने का ऐलान किया। ममता बनर्जी के मुताबिक, यह फैसला विपक्षी INDIA गठबंधन को मजबूत करने के उद्देश्य से लिया गया है। हालांकि कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि कांग्रेस ने ममता के समर्थन की मांग नहीं की थी और यह उनकी ओर से लिया गया फैसला है।
समर्थन के कुछ घंटे बाद मिलन प्रधान गिरफ्तार
ममता बनर्जी के समर्थन के ऐलान के कुछ घंटे बाद कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को पश्चिम बंगाल पुलिस ने पुराने मामले में गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, उनके खिलाफ पुराने मामलों में चार गिरफ्तारी वारंट जारी हुए थे, जिनमें तीन हत्या के मामले और एक आर्म्स एक्ट का मामला बताया गया है। वहीं कांग्रेस नेताओं ने गिरफ्तारी के समय पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक कार्रवाई बताया है।
कांग्रेस ने लगाए गंभीर आरोप, हाई कोर्ट जाने की बात
कांग्रेस नेता अधीर रंजन ने आरोप लगाया कि पुलिस उनके उम्मीदवार को ले गई और लोकतांत्रिक नियमों को कुचला जा रहा है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने कहा कि नामांकन और जांच की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मिलन प्रधान प्रचार कर रहे थे और गिरफ्तारी से कुछ घंटे पहले उन्होंने पार्टी नेताओं से फोन पर बात कर कुछ लोगों से धमकी मिलने की बात कही थी। कांग्रेस के मुताबिक, प्रधान को चांदीपुर के एक होटल से गिरफ्तार किया गया और एक अन्य कांग्रेस नेता सुब्हाषिस भट्टाचार्य को भी पुलिस ने हिरासत में लिया। पार्टी ने कहा है कि वह हाई कोर्ट जाएगी और चुनाव आयोग में लिखित शिकायत भी देगी।
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BJP ने आरोप खारिज किए
कांग्रेस के आरोपों के बीच भाजपा ने कहा है कि पुलिस अपना काम कर रही है और गिरफ्तारी का राजनीति से कोई संबंध नहीं है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने कहा कि चुनाव के दौरान प्रशासन चुनाव आयोग के अधीन होता है, इसलिए पुलिस को कार्रवाई के बारे में स्पष्ट जानकारी देनी चाहिए।




















