Aakash Waghmare
6 Feb 2026
स्पोर्ट्स डेस्क। भारत बनाम इंग्लैंड के बीच जिम्बाब्वे के हरारे में अंडर-19 वर्ल्ड कप का फाइनल मैच खेला जा रहा है। मैच में भारतीय टीम काफी मजबूत स्थिति में है। मैच में भारतीय टीम ने शुरुआत से ही तेज पारी खेली। वहीं इस मैच में वैभव ने एक बार फिर आतिशी पारी खेली है। जिसकी मदद से भारत लगातार अपने स्कोर बोर्ड को आसानी से बढ़ रहा है।
वैभव ने 175 रनों की तूफानी इनिंग में 15 चौके और 15 छक्के जड़े। भारत को अब तक 5 झटके लग चुके हैं। फिलहाल क्रीज पर आरएस अंबरीश और अभिज्ञान कुंडू बल्लेबाज़ी कर रहे हैं। इससे पहले भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया था। गौरतलब है कि खिताबी मुकाबले में भारत और इंग्लैंड की टीमें दूसरी बार आमने-सामने हैं।
इससे पहले अंडर-19 वर्ल्ड कप 2022 के फाइनल में दोनों टीमों की भिड़ंत हुई थी। मौजूदा विश्व कप में भारत और इंग्लैंड दोनों ही टीमें अब तक अजेय रही हैं। भारतीय टीम अपना 10वां फाइनल खेल रही है, जबकि इंग्लैंड छठी बार फाइनल में पहुंचा है।
वैभव ने स्पिनर फरहान अहमद की गेंदों पर जमकर छक्कों की बरसात की। 15वें ओवर में फरहान की शुरुआती दो गेंदों पर दो छक्के जड़ते ही वैभव ने मैच में अपने पांच छक्के पूरे किए। इसके साथ ही टूर्नामेंट में यह उनका 20वां छक्का रहा। इन दो छक्कों के साथ वैभव अंडर-19 विश्व कप में सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले बल्लेबाज़ बन गए।
उन्होंने 2022 अंडर-19 विश्व कप में डेवाल्ड ब्रेविस द्वारा बनाए गए 18 छक्कों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। इसके बाद 17वें ओवर में भी वैभव ने फरहान अहमद की लगातार चार गेंदों पर चार बाउंड्री लगाईं, जिसमें तीन छक्के और एक चौका शामिल रहा।
आयुष म्हात्रे 19वें ओवर में बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में 53 रन बनाकर आउट हो गए, लेकिन इससे वैभव के फॉर्म पर कोई असर नहीं पड़ा। वैभव ने 55 गेंदों में अपना शतक पूरा किया। इससे पहले उन्होंने सिर्फ 32 गेंदों में अर्धशतक जड़ा था, यानी 50 से 100 के आंकड़े तक पहुंचने में उन्हें महज 23 गेंदों का समय लगा।
वैभव ने अपने शतक तक पहुंचने के दौरान आठ चौके और आठ छक्के लगाए। वहीं आयुष म्हात्रे ने 51 गेंदों में सात चौके और दो छक्कों की मदद से 53 रन की पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों के बीच दूसरे विकेट के लिए 90 गेंदों में 142 रन की शानदार साझेदारी हुई।
आयुष म्हात्रे 19वें ओवर में बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में 53 रन बनाकर आउट हो गए, लेकिन इससे वैभव की लय पर कोई असर नहीं पड़ा। वैभव ने 55 गेंदों में अपना शतक पूरा किया। इससे पहले उन्होंने सिर्फ 32 गेंदों में अर्धशतक जड़ा था, यानी 50 से 100 के आंकड़े तक पहुंचने में उन्हें महज 23 गेंदों का समय लगा।
वैभव ने अपने शतक तक पहुंचने के दौरान आठ चौके और आठ छक्के लगाए। वहीं आयुष म्हात्रे ने 51 गेंदों में सात चौके और दो छक्कों की मदद से 53 रन की पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों के बीच दूसरे विकेट के लिए 90 गेंदों में 142 रन की शानदार साझेदारी हुई।