ट्रेन में परिवार बनकर करते थे सफर, यात्रियों का सामान करते थे चोरी; गुजरात के 7 आरोपी गिरफ्तार

गिरोह के सदस्य पति-पत्नी और रिश्तेदारों की तरह ट्रेन में सफर करते थे, ताकि यात्रियों को उन पर शक न हो। खासकर सोती हुई महिलाओं के बैग से जेवरात, नकदी और मोबाइल चोरी करना इनका तरीका था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सोने-चांदी के जेवर और करीब पांच हजार रुपए नकद बरामद किए हैं। GRP अब झांसी के अलावा दूसरे रेलवे रूट और स्टेशनों पर हुई वारदातों से गिरोह का कनेक्शन तलाश रही है।
परिवार की तरह सफर कर बनाते थे यात्रियों को निशाना
पुलिस के मुताबिक, गिरोह की खास रणनीति यह थी कि महिलाएं और पुरुष साथ-साथ ट्रेन में सफर करते थे, जिससे देखने वालों को वे सामान्य परिवार नजर आएं और किसी को उनके इरादों पर शक न हो। भीड़भाड़ वाले प्लेटफॉर्म और चलती ट्रेनों में गिरोह के सदस्य यात्रियों पर नजर रखते थे। खासकर ऐसे यात्री इनके निशाने पर रहते थे, जो सीट पर सो जाते थे या जिनके बैग उनके पास रखे होते थे। सभी आरोपी गुजरात के भावनगर जिले के पालीताना क्षेत्र के रहने वाले बताए गए हैं।
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सोती महिलाओं के बैग पर रहती थी खास नजर
जांच में सामने आया कि गिरोह के सदस्य ट्रेन में यात्रियों के बीच घुल-मिलकर चलते थे महिलाओं के बैग और सामान पर विशेष नजर रखते थे। जब महिला यात्री सो जाती या उसका ध्यान दूसरी तरफ होता, तभी मौका देखकर बैग खोलकर उसमें रखे जेवरात और अन्य कीमती सामान निकाल लिया जाता था। आरोपी परिवार की तरह साथ सफर करने के कारण यात्रियों को उन पर आसानी से भरोसा हो जाता था। इसी भरोसे का फायदा उठाकर गिरोह चोरी की वारदात करता था।
झांसी रेलवे स्टेशन यार्ड में घेराबंदी कर पकड़ा
जीआरपी को गिरोह की गतिविधियों की जानकारी मिलने के बाद पुलिस टीम ने झांसी रेलवे स्टेशन यार्ड में माल गोदाम की तरफ बने ग्रुप-डी गेस्ट हाउस के पीछे पटरी के पास घेराबंदी की। पुलिस ने मौके से सातों आरोपियों को पकड़ लिया। पूछताछ में उनके झांसी के अलावा दूसरे रेलवे रूटों पर भी यात्रियों को निशाना बनाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर उनके पूरे नेटवर्क और पुराने मामलों का रिकॉर्ड खंगाल रही है।
आगरा, मथुरा और बरेली रूट की ट्रेनों में सक्रिय
पुलिस के मुताबिक, आरोपी मुख्य रूप से झांसी से आगरा, मथुरा, हाथरस और बरेली की ओर जाने वाली ट्रेनों में सक्रिय रहते थे। कभी-कभी अयोध्या की तरफ जाने वाली ट्रेनों में भी वारदात करने की बात सामने आई है। चोरी करने के बाद जेवरों को बेचने और अपने ठिकाने तक पहुंचाने की बात भी पुलिस पूछताछ में सामने आई है। जीआरपी अब यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह ने इन रूटों पर कितनी वारदातों को अंजाम दिया है।
सोने के कड़े, मंगलसूत्र, अंगूठी और नकदी बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो कड़े, एक मंगलसूत्र, एक अंगूठी और करीब पांच हजार रुपए नकद बरामद किए हैं। जीआरपी बरामद जेवरात को पहले दर्ज चोरी के मामलों से जोड़कर देख रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद सामान किन यात्रियों का है और इनसे जुड़ी अन्य घटनाओं का कोई रिकॉर्ड मौजूद है या नहीं। चोरी के बाद जेवर बेच दिए जाते थे या उन्हें सुरक्षित ठिकाने पर पहुंचा दिया जाता था।
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पूरे नेटवर्क और पुराने मामलों की जांच में जुटी GRP
पुलिस के मुताबिक यात्रियों के सामान और जेवरात चोरी करने वाले सात पुरुष-महिलाओं को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के पास से मंगलसूत्र, सोने के दो कड़े, अंगूठी और नकदी बरामद हुई है। पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी परिवार की तरह ट्रेनों में सफर करते थे और खासकर महिलाओं के बैग से जेवरात चोरी करते थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों ने झांसी के अलावा और किन-किन रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में वारदात की है।




















