उज्जैन। प्राचीन और धार्मिक नगरी उज्जैन अब शांत रहने की राह पर है। बुलेट मोटरसाइकिलों में तेज आवाज पैदा करने वाले मॉडिफाई साइलेंसर लगाने वाले लापरवाह युवाओं पर पुलिस ने तीसरी बार कड़ा एक्शन किया है। एक बार फिर पुलिस ने 50 से अधिक अवैध साइलेंसरों को एक साथ रोड रोलर के नीचे कुचल दिया गया।
बता दें कि, यह बड़ी कार्रवाई सोमवार को पुलिस अधीक्षक (एसपी) प्रदीप शर्मा के निर्देश पर की गई है। यह तीसरी थी, पिछले डेढ़ महीने में पुलिस ने विभिन्न चेकिंग अभियानों के दौरान 50 बुलेट वाहनों से ये अवैध साइलेंसर जब्त किए थे। इनकी बाजार कीमत लगभग 5 लाख रुपए बताई गई। ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले इन साइलेंसरों को टावर चौक पर सार्वजनिक रूप से रोड रोलर चलाकर नष्ट किया गया। इस एक्शन की खास बात यह रही कि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) नीतेश भार्गव स्वयं रोड रोलर पर बैठकर इस अभियान का नेतृत्व करते हुए दिखे।
एएसपी नीतेश भार्गव ने बताया कि यह कार्रवाई युवाओं के बीच बढ़ते तेज आवाज वाले साइलेंसर के फैशन को रोकने के लिए की गई है। इस तरह की तेज आवाजें राहगीरों, बुजुर्गों और मरीजों के लिए गंभीर परेशानी पैदा करते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ध्वनि प्रदूषण को रोकने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा और भविष्य में भी ऐसे नियम तोड़ने वालों पर सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
ट्रैफिक डीएसपी दिलीप सिंह परिहार और विक्रमसिंह कनपुरिया के अनुसार, सोमवार को नष्ट किए गए 50 साइलेंसर के साथ एक हूटर भी शामिल था। पुलिस ने बताया कि इस तीसरी कार्रवाई से पहले 3 अप्रैल 2024 को 12 लाख रुपए के 110 साइलेंसर और 20 अक्टूबर 2024 को 15 लाख रुपए के साइलेंसर पहले ही नष्ट किए जा चुके हैं। इस प्रकार, उज्जैन पुलिस अब तक कुल 32 लाख रुपए से अधिक मूल्य के मॉडिफाई साइलेंसरों को कुचल चुकी है।