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युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से लिया संन्यास, टेस्ट डेब्यू का सपना रह गया अधूरा

युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है। 49 मैचों में 148 विकेट लेने वाले चहल कभी भारत के लिए टेस्ट नहीं खेल पाए। हालांकि उनका वनडे और टी20 करियर जारी रहेगा। चहल ने कहा कि टीम इंडिया के लिए खेलने की उनकी इच्छा अब भी कायम है और वह सीमित ओवरों में वापसी के लिए मेहनत करेंगे।
युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से लिया संन्यास, टेस्ट डेब्यू का सपना रह गया अधूरा
युजवेंद्र चहल ने लिया संन्यास।

भारत के स्टार स्पिनर युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है। चहल ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपने फैसले की जानकारी दी। इसका मतलब है कि अब वह रेड-बॉल क्रिकेट में खेलते नजर नहीं आएंगे। हालांकि चहल ने वनडे और टी20 क्रिकेट से संन्यास नहीं लिया है। वह सीमित ओवरों के क्रिकेट में आगे भी खेलना चाहते हैं।

चहल ने सोशल मीडिया पर किया ऐलान

युजवेंद्र चहल ने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए फर्स्ट-क्लास क्रिकेट को अलविदा कहने की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रेड-बॉल क्रिकेट उनके करियर का खास हिस्सा रहा है। इस फॉर्मेट ने उन्हें धैर्य रखना और मुश्किल परिस्थितियों से बाहर निकलना सिखाया। चहल ने कहा कि फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में घंटों मैदान पर रहकर गेंदबाजी करना और बल्लेबाजों के खिलाफ लगातार मेहनत करना अपने आप में अलग अनुभव रहा। उनके लिए यह फॉर्मेट सिर्फ क्रिकेट खेलने का जरिया नहीं, बल्कि सीखने का भी सफर रहा है।

टेस्ट खेलने का सपना नहीं हुआ पूरा

चहल के संन्यास के ऐलान के साथ उनके करियर का एक ऐसा सपना भी अधूरा रह गया, जिसे वह लंबे समय से देख रहे थे। उन्होंने कभी भारत के लिए टेस्ट मैच नहीं खेला। अपने भावुक संदेश में चहल ने कहा कि संन्यास की घोषणा करना उनके लिए आसान नहीं था, क्योंकि टेस्ट क्रिकेट खेलना हमेशा उनका सपना रहा। हालांकि वह टेस्ट डेब्यू नहीं कर सके, लेकिन फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में मिले अनुभवों और मौकों के लिए उन्होंने आभार जताया। चहल ने यह भी कहा कि उनका सफर यादगार रहा और इस दौरान उन्होंने फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से बहुत कुछ सीखा।

वनडे और टी20 में खेलते रहेंगे

फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से संन्यास लेने के बावजूद चहल का क्रिकेट करियर खत्म नहीं हुआ है। वह अभी वनडे और टी20 क्रिकेट में सक्रिय रहेंगे। चहल ने साफ किया है कि भारत के लिए सीमित ओवरों में खेलने की उनकी इच्छा अभी भी बनी हुई है। उन्होंने कहा कि उनके अंदर टीम इंडिया के लिए खेलने की भूख अब भी है और उन्हें लगता है कि उनके अंदर काफी क्रिकेट बाकी है। ऐसे में चहल की नजर अब वनडे और टी20 क्रिकेट में वापसी पर होगी। वह आगे भी इन दोनों फॉर्मेट में भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका पाने के लिए मेहनत जारी रखना चाहते हैं।

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फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में ऐसा रहा रिकॉर्ड

युजवेंद्र चहल ने अपने फर्स्ट-क्लास करियर में 49 मैच खेले। इस दौरान उन्होंने कुल 148 विकेट अपने नाम किए। हालांकि घरेलू रेड-बॉल क्रिकेट में शानदार अनुभव होने के बावजूद उन्हें भारतीय टेस्ट टीम में खेलने का मौका नहीं मिला। चहल ने लंबे समय तक सीमित ओवरों के क्रिकेट में भारत के लिए अहम भूमिका निभाई। उनकी लेग स्पिन और गुगली ने कई मौकों पर बल्लेबाजों को परेशान किया।

भारत के लिए चहल के आंकड़े

युजवेंद्र चहल ने भारत के लिए अब तक 72 वनडे मैच खेले हैं, जिनमें उनके नाम 121 विकेट हैं। वहीं टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में उन्होंने 80 मैचों में 96 विकेट लिए हैं। चहल भारत के उन गेंदबाजों में शामिल रहे हैं, जिन्होंने सीमित ओवरों में अपनी अलग पहचान बनाई। खास तौर पर टी20 क्रिकेट में उनकी विकेट लेने की क्षमता और बीच के ओवरों में गेंदबाजी को उनकी बड़ी ताकत माना गया।

अब सीमित ओवरों पर फोकस

फर्स्ट-क्लास क्रिकेट से विदाई के बाद चहल का फोकस अब वनडे और टी20 क्रिकेट पर रहेगा। उनका कहना है कि उनके अंदर अभी भी क्रिकेट खेलने की इच्छा और क्षमता बाकी है। चहल के इस फैसले से यह साफ है कि वह रेड-बॉल क्रिकेट से दूरी बनाकर अपने सीमित ओवरों के करियर पर ध्यान देना चाहते हैं। अब देखना होगा कि आने वाले समय में उन्हें वनडे और टी20 में भारतीय टीम में वापसी का मौका मिलता है या नहीं।

Dolly Wasvani
By Dolly Wasvani

डोली वासवानी | People’s Institute of Media Studies से BAMC Student। पत्रकारिता की दुनिया में नई शुरु...Read More

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