MP Weather Update : प्रदेश में मानसून मेहरबान, 16 जिलों में आज तेज बारिश का अलर्ट, तवा डैम के गेट 5 फीट तक खुले

भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून ट्रफ और साइक्लोनिक सर्कुलेशन के चलते लगातार तेज बारिश का दौर जारी है। पिछले 24 घंटे के दौरान 32 से अधिक जिलों में झमाझम बारिश हुई। सबसे ज्यादा सीधी में 6.7 इंच पानी दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने रविवार को ग्वालियर-श्योपुर समेत 16 जिलों में अति भारी और भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।
32 जिलों में बारिश, सीधी सबसे आगे
बीते 24 घंटे में सीधी में 6.7 इंच, सतना में 3.7 इंच, शिवपुरी में 2.6 इंच, दतिया में 2.1 इंच बारिश हुई। उमरिया, मंडला और खजुराहो में 1.7 इंच, नौगांव में 1.5 इंच, रीवा में 1.4 इंच, जबलपुर-पचमढ़ी में 1.1 इंच और ग्वालियर व नर्मदापुरम में 1-1 इंच पानी गिरा। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, सागर, रतलाम, गुना, टीकमगढ़, बैतूल सहित कई जिलों में भी बारिश का दौर बना रहा।
सीजन की बारिश पूरी होने के करीब
मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार प्रदेश में अब तक औसतन 34.2 इंच बारिश हो चुकी है। सिर्फ 2.8 इंच और गिरते ही सीजन का औसत कोटा पूरा हो जाएगा। गुना में 52 इंच, जबकि मंडला और अशोकनगर में 50 इंच से ज्यादा बारिश दर्ज हो चुकी है।
आज इन जिलों में अलर्ट
मौसम विभाग ने उज्जैन संभाग के नीमच और मंदसौर में अति भारी बारिश (8 इंच तक) की चेतावनी दी है। वहीं ग्वालियर, मुरैना, श्योपुर, शिवपुरी, गुना, राजगढ़, आगर-मालवा, रतलाम, झाबुआ, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, अनूपपुर और सिंगरौली में भारी बारिश का अलर्ट जारी है।
क्यों हो रही लगातार तेज बारिश
मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश से एक मानसून ट्रफ गुजर रही है। साथ ही उत्तरी हिस्से में साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय है। इस वजह से कई जिलों में लगातार बारिश हो रही है और अगले तीन दिन तक यह सिलसिला जारी रह सकता है।
पुल-पुलिया डूबे, रेस्क्यू जारी
- उमरिया : लगातार बारिश से उमरार डैम फुल। पुराना पड़ाव बहरा धाम की पुलिया पानी में डूब गई है। प्रशासन और स्थानीय लोगों में बाढ़ जैसी स्थिति को लेकर चिंता बढ़ गई है।
- डिंडौरी-अमरपुर मार्ग: खरमेर नदी का पानी पुल पर आ जाने से रास्ता बंद हो गया है।
- इटारसी: तवा डैम के 3 गेट 5 फीट तक खोले गए, नर्मदा नदी में 25,000 क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
- मुरैना: करजोनी घाट पर फंसे श्रद्धालुओं को एनडीआरएफ ने रेस्क्यू किया।
- मंदसौर: शिवना नदी का जलस्तर बढ़ने से पशुपतिनाथ मंदिर की छोटी पुलिया जलमग्न हो गई।
- सतना: चित्रकूट की गुप्त गोदावरी गुफा को बाढ़ के हालात के चलते बंद कर दिया गया।
- श्योपुर: कूनो नदी का जलस्तर बढ़ने से रास्ता बंद, गर्भवती महिला और 15 मरीजों को बोट से सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया गया।












