Aakash Waghmare
4 Feb 2026
दिल्ली के राजीव चौक (कनॉट प्लेस) में नए साल की शुरुआत में एक दर्दनाक घटना सामने आई। यहां तीन डिलीवरी बॉय ने मिलकर 36 वर्षीय कारोबारी शिवम गुप्ता की बेरहमी से पिटाई कर दी। सिर पर हेलमेट से किए गए हमले में शिवम गंभीर रूप से घायल हो गया और 17 दिन बाद इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
शिवम गुप्ता 2 जनवरी को अपने एक दोस्त के साथ कनॉट प्लेस में पार्टी के लिए गया था। पार्टी के बाद रेस्टोरेंट से बाहर निकलते समय उसने राजीव चौक मेट्रो स्टेशन के पास ई-ब्लॉक के नजदीक मौजूद एक डिलीवरी कंपनी के प्रतिनिधि से पानी मांगा। इसी बात पर दोनों के बीच बहस हो गई।
परिजनों के मुताबिक, बहस के दौरान डिलीवरी बॉय ने शिवम के सिर पर हेलमेट से वार किया। इसके बाद उसके दो साथियों ने भी शिवम को लात-घूंसों से मारा। गंभीर चोट लगने से शिवम सड़क पर गिरकर बेहोश हो गया।
3 जनवरी की रात करीब 1:30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि सड़क पर एक व्यक्ति घायल अवस्था में पड़ा है और उसके शरीर से खून बह रहा है। पुलिस मौके पर पहुंची और शिवम को तुरंत LNJP अस्पताल ले जाया गया, बाद में उसे RML अस्पताल रेफर किया गया।
डॉक्टरों ने बताया कि शिवम के शरीर में कई जगह खून के थक्के जम गए थे और उसकी हालत बेहद गंभीर थी। वह बयान देने की स्थिति में नहीं था। लगातार इलाज के बावजूद उसकी हालत नाजुक बनी रही।
शिवम के पिता अनिल कांत गुप्ता ने बताया कि उनका बेटा 2 जनवरी की शाम पार्टी में जाने के लिए घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। उन्होंने कई बार फोन किया, पर कोई जवाब नहीं मिला। कुछ समय बाद पुलिस का फोन आया और बेटे के अस्पताल में भर्ती होने की जानकारी मिली।
पिता ने बताया कि जब वे अस्पताल पहुंचे तो शिवम की हालत बेहद खराब थी। वह खून की उल्टियां कर रहा था और किसी बात का जवाब नहीं दे रहा था। बेहतर इलाज के लिए डॉक्टरों की सलाह पर उसे दूसरे अस्पताल में शिफ्ट किया गया।
4 जनवरी को शिवम को राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया और 5 जनवरी को उसकी सर्जरी हुई। डॉक्टरों ने बताया कि अगले 36 से 72 घंटे बेहद अहम होंगे। कुछ समय के लिए उसकी हालत में सुधार भी दिखा, जिससे परिवार को उम्मीद बंधी।
हालांकि, इलाज के दौरान 19 जनवरी को शिवम गुप्ता की मौत हो गई। उसके पिता ने बताया कि शिवम परिवार का इकलौता बेटा और एकमात्र सहारा था। उसकी मौत से पूरा परिवार टूट गया है।
पिता ने बताया कि उन्होंने पुलिस के साथ घटना के कई सीसीटीवी फुटेज देखे, जिनमें शिवम जमीन पर पड़ा दिख रहा था और उसका दोस्त पास में खड़ा था। परिवार का आरोप है कि दोस्त ने समय रहते उन्हें पूरी घटना की जानकारी नहीं दी।
शिवम गुप्ता की मौत के बाद परिवार इंसाफ की मांग कर रहा है। उनका कहना है कि दोषियों को सख्त सजा मिलनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।