कोरियन लव गेम की लत:मासूम बच्चों को बना रहा जान का शिकार, आखिर कैसे?

कुछ गेम ऐसे होते हैं जो सिर्फ खेलने के लिए नहीं होते, बल्कि धीरे-धीरे आपकी जिंदगी को भी बदल सकते हैं। गाजियाबाद में तीन नाबालिग बहनों ने कथित रूप से एक कोरियन गेम खेलते हुए नौवीं मंजिल से कूदकर अपनी जान ले ली। सुसाइड नोट में लिखा- सॉरी, हम कोरिया नहीं छोड़ सकते। कोरिया हमारी जिंदगी और जान हैं।
कोरोना के समय बढ़ा कोरियन कंटेंट का क्रेज
साल 2020-21 में लॉकडाउन के दौरान लोग घरों में बंद थे। इस दौरान लोग ज्यादा समय OTT प्लेटफॉर्म्स जैसे Netflix, Viki, YouTube पर बिताने लगे। भारतीय दर्शकों को बॉलीवुड या हॉलीवुड कंटेंट बार-बार देखने के कारण ऊब लगने लगी थी। कोरियन ड्रामा और शो ने उन्हें आकर्षित किया क्योंकि इसमें भावनात्मक कहानी, अच्छी प्रोडक्शन क्वालिटी और नए विषय थे। लॉकडाउन में बच्चों को स्कूल नहीं जाना था और उनके पास मोबाइल आसानी से था। कई बच्चे बिना माता-पिता को बताए कोरियन शो देखने लगे। इस बढ़ते स्क्रीन टाइम ने कोरियन कंटेंट और गेमिंग को तेजी से फैलने का अवसर दिया।
कोरियन लवर गेम्स क्या हैं?
कोरियन लवर गेम्स एक प्रकार के ऑनलाइन रोमांटिक टास्क-बेस्ड गेम हैं। खिलाड़ी एक वर्चुअल पार्टनर चुनते हैं। गेम रोजाना छोटे-छोटे टास्क देता है, जैसे फोटो भेजना, चैट करना या कुछ लिखना। जानकारी के मुताबिक धीरे-धीरे टास्क मुश्किल और खतरनाक हो सकते हैं, कभी-कभी खुद को चोट पहुंचाने या जान लेने तक की मांग हो सकती है। ये गेम्स कोरियन कल्चर, K-पॉप और K-ड्रामा से जुड़े होते हैं। खिलाड़ी खुद को कोरियन समझने लगते हैं और गेम में दी गई भूमिकाओं में पूरी तरह फंस जाते हैं।
गाजियाबाद केस में पुलिस ने पाया कि ये बहनें कोविड लॉकडाउन के समय से इस गेम की लत में फंस गई थीं। माना जा रहा है कि गेम का अंतिम टास्क खतरनाक था और उन्होंने इसे पूरा करने के लिए यह कदम उठाया। कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया कि यह गेम ब्लू व्हेल गेम जैसी स्ट्रक्चर वाली थी, जहां 50वें टास्क में मौत जैसी चुनौती दी जाती थी।
ऑनलाइन गेमिंग का बच्चों पर प्रभाव
कोरियन लवर गेम्स केवल मनोरंजन का साधन नहीं हैं, बल्कि बच्चों पर गंभीर मानसिक असर डाल सकते हैं-
- इमोशनल बॉन्डिंग: बच्चे गेम के वर्चुअल पार्टनर के साथ भावनात्मक रूप से जुड़ जाते हैं।
- गलत समझ: वे सोचते हैं कि गेम में दिखाया गया रोमांस और टास्क असली हैं।
- मानसिक दबाव: टास्क पूरे न करने पर बच्चे तनाव में आ जाते हैं और अपनी भावनाओं पर नियंत्रण खो सकते हैं।
भारत में पहले भी ऑनलाइन गेम्स और एप्स से जुड़े सुसाइड केस सामने आए हैं। कोरियन लवर गेम बच्चों के लिए ज्यादा खतरनाक हैं क्योंकि इसमें पर्सनल और इमोशनल टास्क होते हैं।
बच्चों को सुरक्षित कैसे रखें
माता-पिता और अभिभावकों के लिए कुछ जरूरी उपाय-
- मोबाइल और गेमिंग पर निगरानी रखें।
- गेमिंग के लिए समय की सीमा तय करें।
- यदि बच्चे लगातार कोरियन कल्चर की बातें करें या गुप्त चैटिंग करें, तो सतर्क रहें।
- बच्चों को समझाएं कि ऑनलाइन गेम्स केवल मनोरंजन हैं।
- स्कूल, दोस्तों और परिवार के साथ सकारात्मक बातचीत बढ़ाएं ताकि बच्चे अपने अनुभव साझा कर सकें।











