UGC के नए नियमों के खिलाफ जुटे हजारों लोग, जंतर-मंतर पर प्रदर्शन; RAF ने संभाला मोर्चा

नई दिल्ली। प्रदर्शनकारी हाथों में बैनर, पोस्टर और भगवा झंडे लेकर जंतर-मंतर पहुंचे और अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि आरक्षण का लाभ उन लोगों तक पहुंचना चाहिए जिन्हें इसकी वास्तविक जरूरत है और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। कुछ प्रदर्शनकारियों ने SC/ST एक्ट का विरोध करते हुए इसके दुरुपयोग को रोकने और इसे वापस लेने की मांग भी की। UGC के अब स्थगित किए जा चुके इक्विटी नियमों को लेकर भी प्रदर्शनकारियों ने सरकार से बदलाव की मांग की। दिल्ली पुलिस की अनुमति को लेकर शुरुआती असमंजस के बाद प्रदर्शन की अनुमति दी गई और सुरक्षा व्यवस्था के बीच प्रदर्शन जारी रहा।
आरक्षण व्यवस्था में बदलाव की मांग
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन में शामिल लोगों ने जाति आधारित आरक्षण व्यवस्था में बदलाव की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि आरक्षण का लाभ उन लोगों तक पहुंचना चाहिए, जिन्हें वास्तव में इसकी जरूरत है। कई प्रदर्शनकारियों ने आरक्षण का आधार आर्थिक स्थिति को बनाने की मांग की। कुछ लोगों ने आरक्षण में क्रीमी लेयर का प्रावधान लागू करने और SC, ST और OBC से जुड़ी नीतियों में बदलाव की मांग भी रखी। उनका कहना था कि सरकारी सहायता जरूरतमंद लोगों तक पहुंचनी चाहिए और इसके लिए आर्थिक स्थिति को भी आधार बनाया जाना चाहिए।
UGC इक्विटी नियमों का भी विरोध
प्रदर्शनकारियों ने अब स्थगित किए जा चुके यूजीसी इक्विटी नियमों को लेकर भी नारे लगाए। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि UGC के जो नए नियम लाए गए थे, उन्हें वापस लिया जाना चाहिए। उनका कहना था कि इस तरह के नियम छात्रों के बीच भेदभाव और द्वेष पैदा करते हैं। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से इन नियमों में बदलाव करने की मांग की। उनका कहना था कि शिक्षा संस्थानों में समानता और निष्पक्षता को प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
SC/ST एक्ट को लेकर भी उठी आवाज
प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने SC/ST एक्ट का भी विरोध किया और इसे वापस लेने की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि किसी भी कानून का दुरुपयोग किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं होना चाहिए। उन्होंने सरकार से कानून के कथित दुरुपयोग को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाने की मांग की। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि उनका मकसद आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को सरकारी मदद से वंचित करना नहीं है। उन्होंने स्कॉलरशिप, फीस में मदद और कोचिंग जैसी सुविधाएं आर्थिक जरूरत के आधार पर देने की बात कही।
प्रदर्शनकारियों ने हनुमान चालीसा का किया पाठ
प्रदर्शन के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने हनुमान चालीसा का पाठ किया। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में प्रदर्शनकारी सियावर रामचंद्र की जय के नारे लगाते भी दिखाई दिए। आयोजकों ने प्रदर्शन को शांतिपूर्ण बताया और कहा कि यहां पहुंचे लोग अपनी मांगें रखने आए हैं। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि प्रदर्शनकारी किसी तरह की हिंसा नहीं चाहते और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात सरकार तक पहुंचाना चाहते हैं। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने बैनर और पोस्टर के जरिए अपनी मांगों को सामने रखा।
जंतर-मंतर पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
प्रदर्शन को लेकर दिल्ली पुलिस की अनुमति पर काफी देर तक असमंजस बना रहा। दिल्ली पुलिस ने सार्वजनिक नोटिस जारी कर रिजर्वेशन हटाओ आंदोलन के पदाधिकारियों को आधिकारिक सूचना के जरिए निर्देशों का पालन करने और शांतिपूर्ण रहने को कहा था। बाद में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति दे दी गई और प्रदर्शनकारी वहां जुटे रहे। प्रदर्शन को देखते हुए इलाके में बैरिकेड लगाए गए और दिल्ली पुलिस के साथ RAF और ITBP के जवान भी तैनात किए गए। प्रशासन की ओर से पूरे घटनाक्रम पर नजर रखी गई और प्रदर्शन स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी गई।





















