PlayBreaking News

गरियाबंद में बाढ़ का कहर... 40 लाख की फसलें तबाह, किसानों को कर्ज की चिंता, सरकार से मुआवजे की मांग

Follow on Google News
गरियाबंद में बाढ़ का कहर... 40 लाख की फसलें तबाह, किसानों को कर्ज की चिंता, सरकार से मुआवजे की मांग
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    गरियाबंद। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में भारी बारिश और बरही नदी में आई बाढ़ ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। बाढ़ से बड़े पैमाने पर मक्का, धान और सब्ज़ियों की फसलें बर्बाद हो गई हैं। किसानों को अब फसल के नुकसान के साथ-साथ साहूकारी कर्ज चुकाने की चिंता सता रही है। किसानों ने मुआवजे की मांग करते हुए बाढ़ का एक बड़ा कारण पड़ोसी राज्य ओडिशा द्वारा बनाए गए पुल को बताया है।

    भारी बारिश और बाढ़ का कहर

    बाढ़ से देवभोग और अमलीपदर तहसील क्षेत्रों में लगभग 100 एकड़ में लगी 40 लाख रुपए की मक्का की फसल पूरी तरह से नष्ट हो गई है। अमाड़ गांव में बाढ़ से 9 से अधिक किसान प्रभावित हुए हैं, जहां 15 एकड़ में लगी करीब 6 लाख रुपए की मक्का और धान की फसल चौपट हो गई है। बाढ़ के तेज बहाव से मक्के के पौधे टूट गए हैं। 

    किसानों पर कर्ज का बोझ

    फसल की बर्बादी ने किसानों की आर्थिक स्थिति को और बिगाड़ दिया है। अमाड़ गांव के किसान जैसे मोहन बीसी, शत्रुघ्न नागेश, तुलसी नागेश, गणेश पौंड, पुस्तम, लक्ष्मण, नरेश और विनोद ने 2 से 5 प्रतिशत ब्याज दर पर साहूकारी कर्ज लिया था। यह कर्ज उन्होंने खाद-बीज और गुड़ाई जैसे खेती के खर्चों के लिए लिया था। फसल नष्ट होने के बाद, किसानों को 2 लाख रुपए से अधिक का साहूकारी कर्ज चुकाने की चिंता सता रही है।

    किसानों की मुआवजे की मांग

    किसानों का कहना है कि मुआवजा मिलने पर ही वे अपना कर्ज चुका पाएंगे। किसानों ने यह भी आरोप लगाया है कि बाढ़ का एक बड़ा कारण ओडिशा सरकार द्वारा छत्तीसगढ़ की भूमि पर 30 मीटर का बॉक्स कल्वर्ट पुल बनाना है। उनका आरोप है कि पुल बनने से ओडिशा के लोगों को फायदा हुआ, लेकिन जब भी नदी में बाढ़ आती है तो छत्तीसगढ़ के किसानों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ता है। 

    प्रशासनिक कार्रवाई शुरू

    देवभोग तहसीलदार अजय कुमार चंद्रवंशी ने बताया है कि लगातार बारिश से फसलों और मकानों के नुकसान की सूचनाएं मिल रही हैं। नुकसान का आकलन करने के लिए पटवारियों की टीम का गठन किया गया है। टीम द्वारा तैयार की गई रिपोर्ट को उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा।

    Mithilesh Yadav
    By Mithilesh Yadav

    वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

    नई दिल्ली
    --°
    बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
    Source:AccuWeather
    icon

    Latest Posts