Rani Kamalapati Railway Station:अब रेलवे यात्रा भी एयरपोर्ट जैसी, भोपाल में खुला भारत का पहला निजी रेलवे स्टेशन

भोपाल। रेल यात्राओं का अपना ही एक अलग आकर्षण होता है – पहियों की लयबद्ध आवाज, साझा टिफ़िन का मजा और बदलते दृश्यों की खूबसूरती यात्रियों को मंत्रमुग्ध कर देती है। अब, भारत का पहला निजी प्रबंधित रेलवे स्टेशन इस अनुभव को और भी आरामदायक और सुविधाजनक बनाने आया है। भोपाल स्थित रानी कमलापति स्टेशन, जिसे पहले हबीबगंज स्टेशन के नाम से जाना जाता था, को बंसल ग्रुप ने भारतीय रेलवे स्टेशन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के साथ मिलकर पुनः विकसित किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नवंबर 2021 में इस स्टेशन का उद्घाटन किया। रानी कमलापति स्टेशन अब सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत संचालित हो रहा है, जहाँ स्टेशन का मालिकाना हक भारतीय रेलवे के पास है, लेकिन दैनिक संचालन और रखरखाव निजी डेवलपर द्वारा किया जाता है।
भव्य बदलाव के साथ नया अनुभव
रानी कमलापति रेलवे स्टेशन ने हाल ही में भारतीय रेलवे की पहल के तहत आधुनिक रूप ले लिया है। अब यह स्टेशन यात्रियों को हवाई अड्डे जैसा अनुभव देता है। यहाँ पूरी तरह से वातानुकूलित लॉबी, हाई-स्पीड लिफ्टें, 24/7 बिजली की सुविधा और शुद्ध पेयजल उपलब्ध है।
सुविधाओं की भरमार
स्टेशन में अब विशाल छत वाले पार्किंग स्थल, कई रिटेल शॉप्स, फूड कोर्ट, कन्वेंशन सेंटर, ऑफिस स्पेस और होटल भी हैं। यात्रियों की सुविधा और आराम को ध्यान में रखते हुए यह स्टेशन तैयार किया गया है।
यात्रा अब आसान और सुविधाजनक
यहाँ ऑटोमेटिक टिकटिंग सिस्टम, साफ-सुथरे प्लेटफार्म और स्पष्ट संकेतक बोर्ड हैं। इन सबके कारण यात्रियों को यात्रा करने में कोई परेशानी नहीं होती।
मल्टी-यूज हब का उदाहरण
स्टेशन परिसर में सुपर-स्पेशलिटी अस्पताल और ऑटोमोबाइल शोरूम भी हैं। यह भविष्य में बनने वाले मल्टी-यूज ट्रांसपोर्ट हब का एक शानदार उदाहरण प्रस्तुत करता है।
प्रमुख ट्रेनों का ठिकाना
रानी कमलापति रेलवे स्टेशन वंदे भारत एक्सप्रेस, राजधानी एक्सप्रेस, शताब्दी एक्सप्रेस और दूरंतो एक्सप्रेस जैसी प्रीमियम ट्रेनों के लिए भी स्टॉप है। यह भोपाल को देश के प्रमुख शहरों से जोड़ता है।
भारत के अन्य स्टेशनों के लिए प्रेरणा
इस मॉडल की सफलता के बाद, नई दिल्ली, अहमदाबाद और मुंबई CST जैसे प्रमुख स्टेशनों को भी इसी तरह आधुनिक बनाने पर विचार किया जा रहा है।











