दिवाली के पटाखे स्वास्थ्य के लिए कितने खतरनाक? पटाखों का धुआं बढ़ा सकता है परेशानी, अस्थमा के मरीज रहें सावधान

दिवाली पर पटाखों का धुआं स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां बढ़ा सकता है। डॉक्टर्स ने सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्होंने बच्चों, बुजुर्गों और अस्थमा के मरीजों को खास सतर्क रहने कहा है।
डॉक्टर्स के मुताबिक, पटाखों से निकलने वाला धुआं हवा को प्रदूषित करता है। इसमें धूल के महीन कण भी शामिल होते हैं। ये कण सांस के जरिए शरीर में पहुंच सकते हैं। इससे सांस संबंधी परेशानियां और एलर्जी बढ़ सकती हैं।
दीवाली के लिए स्वास्थ्य संबंधी सुझाव के तहत डॉक्टर ने घर के अंदर रहने की सलाह दी है। खासकर उन लोगों को ज्यादा सावधानी रखनी चाहिए, जिन्हें पहले से सांस की बीमारी है।
अस्थमा के मरीज पटाखों से रहें दूर
डॉक्टरों ने अस्थमा के मरीजों को विशेष सावधानी बरतने कहा है। उन्होंने तेज सुगंध, धुएं और भीड़भाड़ वाली जगहों से बचने की सलाह दी है। पटाखों का धुआं सांस लेने में परेशानी बढ़ा सकता है।
अस्थमा के मरीजों को प्रदूषण के दौरान बाहर निकलने से बचना चाहिए। बहुत जरूरी होने पर ही घर से बाहर जाएं। बाहर निकलते समय मास्क का इस्तेमाल करें। सांस लेने में परेशानी होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। अस्थमा के मरीज यानी अस्थमा के मरीजों को अपनी दवाएं नियमित लेनी चाहिए। डॉक्टर की सलाह के बिना दवाओं में बदलाव नहीं करना चाहिए।
सुबह की सैर कुछ दिनों के लिए रोकें
डॉक्टर ने प्रदूषण बढ़ने पर सुबह की सैर से बचने की सलाह दी है। पार्क और सड़क के आसपास प्रदूषण का असर परेशानी बढ़ा सकता है। इसलिए बच्चों और बुजुर्गों को कुछ दिनों तक बाहर टहलने नहीं जाना चाहिए।
बहुत जरूरी काम होने पर ही बाहर निकलें। बाहर जाते समय अच्छी गुणवत्ता वाला मास्क पहनें। इससे हवा में मौजूद कई हानिकारक कणों से बचाव में मदद मिल सकती है। पटाखों से होने वाला प्रदूषण यानी पटाखों से होने वाला प्रदूषण सांस संबंधी समस्याएं बढ़ा सकता है। इसलिए प्रदूषण के दिनों में अनावश्यक बाहर निकलने से बचना चाहिए।
डायबिटीज और बीपी के मरीज भी रहें सतर्क
डायबिटीज और ब्लड प्रेशर के मरीजों को भी सावधान रहने की सलाह दी है। डॉक्टरों के मुताबिक, प्रदूषण के दौरान संक्रमण और सांस संबंधी समस्याएं बढ़ सकती हैं। इसलिए ऐसे मरीजों को अपनी सेहत का विशेष ध्यान रखना चाहिए।
डायबिटीज के मरीज नियमित दवाएं लेते रहें। खानपान और साफ-सफाई का भी ध्यान रखें। किसी तरह की परेशानी होने पर चिकित्सकीय सलाह लें। वायु प्रदूषण के स्वास्थ्य पर प्रभाव यानी वायु प्रदूषण के स्वास्थ्य पर असर को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। खासकर पहले से बीमार लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
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पटाखे जलाते समय रखें जरूरी सावधानी
दिवाली पर आतिशबाजी के दौरान चोट और जलने का खतरा रहता है। डॉ. मित्तल ने पटाखे जलाते समय सावधानी बरतने की सलाह दी है। जरा सी लापरवाही से हाथ-पैर में चोट लग सकती है।
डायबिटीज के मरीजों के लिए चोट लगना ज्यादा परेशानी पैदा कर सकता है। ऐसे मरीजों के घाव भरने में सामान्य लोगों से अधिक समय लग सकता है। इसलिए उन्हें पटाखों से दूरी बनाए रखनी चाहिए। दीवाली सुरक्षा टिप्स के तहत पटाखों से सुरक्षित दूरी रखना जरूरी है। चोट या जलने की स्थिति में तुरंत चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए।
दिवाली के बाद किन बातों का रखें ध्यान?
दिवाली के बाद हवा में प्रदूषण बढ़ने की आशंका रहती है। इसलिए कुछ दिनों तक बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर ध्यान दें। सांस संबंधी परेशानी होने पर घरेलू उपायों पर निर्भर न रहें।
अस्थमा और डायबिटीज के मरीज अपनी नियमित दवाएं लेते रहें। बाहर निकलने की जरूरत हो तो मास्क पहनें। घर में साफ-सफाई बनाए रखें। डॉक्टर की सलाह है कि प्रदूषण के दौरान सावधानी बरतना जरूरी है। खासकर अस्थमा के मरीज धुएं और तेज सुगंध से दूर रहें।




















