Hemant Nagle
1 Feb 2026
उज्जैन महाकाल मंदिर के गर्भगृह में सावन सोमवार की भस्म आरती से पहले इंदौर के भाजपा विधायक गोलू शुक्ला और उनका बेटा रुद्राक्ष शुक्ला बिना परमिशन ही घुस गऐ थे। जिसको लेकर बुधवार को उज्जैन में कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने महाकाल मंदिर कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे है
कार्यकर्ताओं का आरोप है कि गोलू शुक्ला ने मंदिर के गर्भगृह में जबरन घुसकर गलत किया है। हमारी एक ही मांग है कि महाकाल प्रशासक इस्तीफा दे और विधायक के बेटे को गिरफ्तार किया जाए। साथ ही, हमें यह जानकारी भी चाहिए कि विधायक को गर्भगृह में प्रवेश की अनुमति किसने दी।
महाकाल मंदिर के गर्भगृह में भाक्तों का जाना बंद है। वहां केवल पुजारी ही जा साकते हैं। वीआईपी को भी नंदी के पास से दर्शन करने की अनुमति है। भगवान महाकाल की प्रतिमा की सुरक्षा को देखते हुए यह नियम लागू है।
घटना के बाद सोमवार को मंदिर प्रशासन की ओर से कहा गया था विधायक गोलू शुक्ला को गर्भगृह में जाने की परमिशन थी, लेकिन मंगलवार उप प्रशासक एसएन सोनी ने स्पष्ट किया कि गोलू शुक्ला और उनके किसी भी समर्थक को गर्भगृह में जाने की परमिशन नहीं दी गई थी। वह लोग जबरन अंदर गए और कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार किया।
उज्जैन कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने घटना सामने आने के बाद मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति बनाई, जो सात दिन में रिपोर्ट सौंपेगी। हालांकि, विधायक गोलू शुक्ला ने सफाई देते हुए कहा था कि उन्हें पांच लोगों ने परमिशन दी थी।