वोट बचाओ, देश बचाओ रैली, छत्तीसगढ़ से 25 बसों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का दिल्ली कूच, दीपक बैज ने दिखाई हरी झंडी

रायपुर: दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को आयोजित होने वाली कांग्रेस की ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली को लेकर छत्तीसगढ़ में सियासी हलचल तेज हो गई है। प्रदेश के अलग-अलग जिलों से कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता दिल्ली के लिए रवाना हो रहे हैं। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुताबिक, राज्यभर से कुल 25 बसों के जरिए कार्यकर्ता रैली में शामिल होने जा रहे हैं। इसके अलावा ट्रेन और हवाई मार्ग से भी पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता दिल्ली पहुंचेंगे।
दीपक बैज ने दिखाई हरी झंडी, रायपुर से 15 बसें रवाना
राजधानी रायपुर के बीटीआई मैदान में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, प्रभारी सचिव विजय जांगिड़ और प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैदू ने कार्यकर्ताओं से भरी बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कांग्रेस के अनुसार, रायपुर से 15 बसों में कार्यकर्ता दिल्ली के लिए निकले हैं। वहीं, कोरबा, जांजगीर-चांपा, सक्ती, बालोद और राजनांदगांव समेत प्रदेश के अन्य जिलों से भी कार्यकर्ताओं के जत्थे रवाना हुए हैं।

वोट के अधिकार पर कांग्रेस का बड़ा सियासी दांव
कांग्रेस की इस रैली का मुख्य मुद्दा मतदान के अधिकार और चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता बताया गया है। पार्टी केंद्र सरकार और संवैधानिक संस्थाओं की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाते हुए देशभर में विरोध दर्ज कराने की तैयारी में है। कांग्रेस का आरोप है कि मतदाताओं के अधिकारों को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है। पार्टी ने इसे लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की लड़ाई करार दिया है।
‘यह जनता का महाभियोग है’, सुशील आनंद शुक्ला का बयान
प्रदेश कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाली रैली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका के खिलाफ जनता के आक्रोश को सामने लाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में लोकतांत्रिक व्यवस्था और मतदान के अधिकार पर सुनियोजित तरीके से प्रहार किया जा रहा है। शुक्ला ने कहा कि छत्तीसगढ़ से 25 बसों के अलावा ट्रेनों, हवाई सेवाओं और नागपुर तथा बनारस जैसे वैकल्पिक मार्गों के जरिए भी कांग्रेस कार्यकर्ता दिल्ली पहुंच रहे हैं। उनके मुताबिक, प्रदेश के हजारों कार्यकर्ता इस आंदोलन में शामिल होकर लोकतंत्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जाहिर करेंगे।

वार्ड स्तर से लेकर पूर्व सांसदों तक की भागीदारी
कांग्रेस के मुताबिक, दिल्ली की रैली में छत्तीसगढ़ से वार्ड सदस्यों, बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं, पीसीसी और एआईसीसी प्रतिनिधियों, पूर्व सांसदों तथा विभिन्न मोर्चा-प्रकोष्ठों के पदाधिकारियों के शामिल होने की तैयारी है। पार्टी नेतृत्व का दावा है कि प्रदेश के सभी जिलों से कार्यकर्ताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के प्रयास किए गए हैं।
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त्योहारों के बीच लोकतंत्र की लड़ाई का संदेश
सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि त्योहारों के समय लोगों के सामने निजी काम और रोजमर्रा की समस्याएं होती हैं, लेकिन लोकतंत्र और मतदान का अधिकार सुरक्षित नहीं रहेगा तो भविष्य भी प्रभावित होगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होने की अपील करते हुए कहा कि कांग्रेस सत्ता के दबाव और कथित धमकियों से पीछे हटने वाली नहीं है।
1 नवंबर को दिल्ली में जुटेगी कांग्रेस, छत्तीसगढ़ की भागीदारी पर नजर
दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाली रैली को कांग्रेस देशव्यापी राजनीतिक अभियान के अहम पड़ाव के रूप में पेश कर रही है। छत्तीसगढ़ से बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को रवाना कर पार्टी प्रदेश में अपनी संगठनात्मक ताकत का संदेश देना चाहती है। अब सबकी नजर 1 नवंबर को दिल्ली में होने वाली सभा और उसमें छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल की भागीदारी पर रहेगी।




















