पेट पर बाघ का चेहरा क्यों बनाते हैं कलाकार? क्या है इस अजीब दिखने वाली परंपरा की वजह?
केरल का पुलिकली सिर्फ एक डांस नहीं बल्कि करीब 200 साल पुरानी लोक परंपरा है। ओणम के दौरान त्रिशूर की सड़कों पर कलाकार बाघ की तरह रंग-रूप लेकर उतरते हैं। शरीर पर पीले, लाल और काले रंगों से बाघ की धारियां बनाई जाती हैं और ढोल की तेज थाप पर कलाकार ऐसा प्रदर्शन करते हैं कि सड़कें ही मंच बन जाती हैं।
Aditi Rawat
1 Sep 2026


























