शहडोल: अधिवक्ता के साथ पुलिसकर्मियों ने की मारपीट, सिर फटा-कान जख्मी

शहडोल। घटना के बाद अस्पताल और थाने के सामने के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इनमें अधिवक्ता खून से लथपथ दिखाई दे रहे हैं, जबकि कुछ पुलिसकर्मियों की वर्दी पर भी खून के निशान नजर आ रहे हैं। दोनों पक्षों के आरोपों के बीच पुलिस ने शिकायत मिलने पर वैधानिक कार्रवाई की बात कही है।
रात दो बजे लौटते समय पुलिस ने रोका
जानकारी के मुताबिक, बुढ़ार पुरानी बस्ती निवासी अधिवक्ता अभिनव पाठक शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी रात करीब 2 बजे दुर्गा पंडाल से हिसाब-किताब का काम पूरा कर अपने साथियों के साथ लौट रहे थे। जब वे फोन पर बात करते हुए बुढ़ार बस स्टैंड पहुंचे, तभी पुलिस वाहन से आए जवानों ने उन्हें रोक लिया।
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वीडियो बनाने पर भड़के पुलिसकर्मी
आरोप है कि पुलिसकर्मियों के रोकने पर अधिवक्ता से कहासुनी होने लगी। इस दौरान जब अभिनव पाठक मोबाइल से वीडियो बनाने लगे, तो पुलिसकर्मी भड़क गए और लाठियां चलानी शुरू कर दीं। बीच-बचाव करने पहुंचे उनके साथियों के साथ भी मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया है।
अधिवक्ता के पूरे शरीर पर डंडों के निशान
घटना के बाद घायल अधिवक्ता और उनके साथी थाने के सामने पहुंचे और जमकर विरोध जताया। साथियों का कहना है कि अभिनव पाठक के पूरे शरीर पर डंडों के गहरे निशान हैं उनके सिर और कान पर गंभीर चोटें आई हैं। वहीं, घटना के बाद अस्पताल और थाने के सामने के वीडियो भी वायरल हो रहे हैं।
पुलिसकर्मियों ने भी लगाए अभद्रता और झूमाझटकी के आरोप
दूसरी ओर, पुलिसकर्मियों का कहना है कि देर रात रोके जाने पर अधिवक्ता और उनके साथी अभद्रता करने लगे थे। उनके साथ झूमाझटकी भी की गई, जिसके बाद पुलिसकर्मियों ने अपने बचाव में कदम उठाया। इस तरह घटना को लेकर दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग आरोप लगाए जा रहे हैं।
शिकायत मिलने के बाद होगी वैधानिक कार्रवाई
धनपुरी एसडीओपी विकास पांडेय ने बताया कि मामला मीडिया के माध्यम से संज्ञान में आया है। अभी तक थाने में किसी भी पक्ष की ओर से लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। शिकायत मिलने पर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी और जांच के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।




















