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जिन्होंने अपनों को खोया... महाकुंभ भगदड़ पर PM मोदी ने जताया दुख, कहा- राज्य सरकार से लगातार संपर्क में हैं

जिन्होंने अपनों को खोया... महाकुंभ भगदड़ पर PM मोदी ने जताया दुख, कहा- राज्य सरकार से लगातार संपर्क में हैं
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार तड़के महाकुंभ में संगमस्थली पर भगदड़ की घटना को 'अत्यंत दुखद' करार दिया और लोगों की मौत पर संवेदना जताते हुए कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बात की है और वह लगातार राज्य सरकार के संपर्क में हैं।

महाकुंभ में हुआ हादसा अत्यंत दुखद : मोदी

पीएम मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "प्रयागराज महाकुंभ में हुआ हादसा अत्यंत दुखद है। इसमें जिन श्रद्धालुओं ने अपने परिजनों को खोया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। इसके साथ ही मैं सभी घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।" उन्होंने कहा कि स्थानीय प्रशासन पीड़ितों की हरसंभव मदद में जुटा हुआ है। मोदी ने कहा कि इस सिलसिले में उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बातचीत की है और वह लगातार राज्य सरकार के संपर्क में हैं।

'त्रिवेणी योग' नामक दुर्लभ संयोग

मौनी अमावस्या पर अमृत स्नान महाकुंभ का सर्वाधिक महत्वपूर्ण आयोजन होता है और इसमें करीब 10 करोड़ लोगों के गंगा में डुबकी लगाने की संभावना है। इस वर्ष, 144 वर्षों के बाद 'त्रिवेणी योग' नामक एक दुर्लभ खगोलीय संयोग बन रहा है, जो इस दिन के आध्यात्मिक महत्व को और बढ़ा रहा है।

आधी रात को गूंजी सायरन की आवाज

आधी रात के बाद लगभग दो बजे कुंभ मेला क्षेत्र में लाउडस्पीकर से गूंजते मंत्रों और श्लोकों के निरंतर उच्चारण के बीच, भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न होने के बाद संगम की ओर दौड़ती एम्बुलेंस और पुलिस वाहनों के तेज सायरन की आवाजें गूंज उठीं। घायलों को मेला क्षेत्र में बने केंद्रीय अस्पताल में ले जाया गया। कई घायलों के रिश्तेदार भी वहां पहुंचे, साथ ही कुछ वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी भी वहां पहुंचे। त्रिवेणी संगम यानी गंगा, यमुना और सरस्वती का संगम - हिंदुओं द्वारा सबसे पवित्र माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि महाकुंभ के दौरान और विशेषकर मौनी अमावस्या जैसी विशेष स्नान तिथियों पर इसमें डुबकी लगाने से लोगों के पाप धुल जाते हैं और उन्हें मोक्ष मिलता है।

प्रयागराज की सीमा अस्थाई तौर पर सील

महाकुंभ में माघ मास के दूसरे सबसे बड़े ''अमृत स्नान'' पर्व मौनी अमावस्या पर संगम में उमड़ रही भारी भीड़ को देखते हुए एहतियात के तौर पर प्रयागराज से सटे लगभग सभी जिलों की सीमाओं को अस्थाई तौर पर सील कर दिया गया है ताकि मेला क्षेत्र और नगर में भीड़ को नियंत्रित किया जा सके। सूत्रों ने बताया कि प्रयागराज में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रयागराज में प्रवेश करने से रोकने को कहा गया है। राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) ने संगम तट पर मोर्चा संभाल लिया है। संगम तट पर केवल साधु-संतो को जाने की इजाजत है। श्रद्धालुओं के आवागमन के लिए गंगा पर बने सभी पीपा पुलों को बंद कर दिया गया है। घाट पर स्नान कर रहे श्रद्धालुओं से स्नान के बाद तत्काल घाट खाली करने का लगातार घोषणा की जा रही है। मौनी अमावस्या स्नान को लेकर देश और दुनिया के कोने कोने से श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जमा हो गई है। ये भी पढ़ें- Mahakumbh Stampede : महाकुंभ मेले में भगदड़ पर PM मोदी की नजर, CM योगी से 4 बार की बात ये भी पढे़ं- MahaKumbh Stampede : महाकुंभ में संगम तट पर मची भगदड़, 10 से ज्यादा श्रद्धालुओं की मौत, कई घायल; अखाड़ों का अमृत स्नान रद्द
Mithilesh Yadav
By Mithilesh Yadav

वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

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