NEET पेपर लीक आंदोलन पर पहली बार बोले सीएम योगी,कहा- 'नकल माफिया को मिट्टी में मिला देंगे', सपा-कांग्रेस पर भी साधा निशाना

योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान NEET-UG पेपर लीक विवाद और देशभर में चल रहे छात्र आंदोलन पर पहली बार खुलकर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाने के लिए लगातार सख्त फैसले ले रही है और अब नकल माफिया के खिलाफ ऐसा कानून लाया जा रहा है, जिससे उनके लिए बच निकलना आसान नहीं होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब नकल माफिया को मिट्टी में मिलने से कोई रोक नहीं पाएगा।
सपा-कांग्रेस पर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ का आरोप
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में युवाओं का भविष्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल नहीं था। उनके अनुसार उस समय कुछ चुनिंदा क्षेत्रों के विकास पर ही ध्यान दिया गया, जबकि प्रदेश के बाकी हिस्सों और युवाओं की अनदेखी की गई। योगी ने कहा कि जिन लोगों ने वर्षों तक युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया, वही आज छात्रों के नाम पर राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नकल माफिया सपा और कांग्रेस की विरासत है। उनके मुताबिक आज वही दल छात्रों के मुद्दे पर घड़ियाली आंसू बहा रहे हैं।
10 साल की जेल और ₹10 करोड़ जुर्माने वाले कानून का किया स्वागत
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने छात्रों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए बड़े फैसले लिए हैं। उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सार्वजनिक परीक्षाओं में पेपर लीक और संगठित नकल के मामलों में सख्त दंड का प्रावधान करने वाले संशोधन विधेयक को मंजूरी दी है। योगी ने कहा कि प्रस्तावित कानून के तहत दोषियों को 10 वर्ष तक की सजा और 10 करोड़ तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा।
NEET दोबारा परीक्षा और NTA में कार्रवाई का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि NEET-UG परीक्षा दोबारा समयबद्ध तरीके से कराई गई, जिससे छात्रों का पूरा शैक्षणिक वर्ष प्रभावित नहीं हुआ। योगी आदित्यनाथ ने बताया कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) के 47 अधिकारियों की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं, जबकि कुछ अन्य के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखकर योगी आदित्यनाथ ने कड़े कदम उठाए हैं. मैं पीएम मोदी के द्वारा उठाए गए इन कड़े कदमों का अभिनंदन करता हूं।
छात्र आंदोलन के बीच आया योगी का पहला बयान
NEET पेपर लीक को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर से शुरू हुआ आंदोलन अब कई राज्यों तक पहुंच चुका है। इस आंदोलन का नेतृत्व Cockroach Janta Party (CJP) कर रही है, जिसकी प्रमुख मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है। इसी बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह पहला सार्वजनिक बयान सामने आया है।












