किसान पुत्र ने पिता के सपने को दी नई उड़ान, 15 साल के तिलकराज का MP अंडर-19 टीम में चयन
सोहागपुर। कोहानी गांव के 15 वर्षीय तिलकराज पटेल ने अपनी मेहनत और प्रतिभा के दम पर गांव से राज्य स्तर तक का सफर तय किया है। किसान परिवार से आने वाले तिलकराज का चयन मध्यप्रदेश की अंडर-19 क्रिकेट टीम में हुआ है। उनकी इस उपलब्धि से कोहानी गांव सहित पूरे सोहागपुर-शोभापुर क्षेत्र में खुशी का माहौल है।
पिता ने बेटे में देखा अपना अधूरा सपना
तिलकराज के पिता हीरा पटेल खुद क्रिकेट के प्रति जुनून रखते हैं। क्षेत्र में क्रिकेट के लिए उनका समर्पण और लंबे समय तक मैदान पर किया गया संघर्ष चर्चित रहा है। हालांकि उनका अपना क्रिकेट का सपना पूरा नहीं हो सका, लेकिन उन्होंने उम्मीद अपने इकलौते बेटे तिलकराज से जोड़ी। हीरा पटेल ने बचपन से ही तिलकराज को क्रिकेट के शुरुआती गुर सिखाए और उसकी रुचि को आगे बढ़ने का पूरा अवसर दिया। बेटे ने भी पिता के भरोसे को कायम रखते हुए पढ़ाई के साथ क्रिकेट में लगातार मेहनत जारी रखी।
पढ़ाई के साथ जारी रखा क्रिकेट का अभ्यास
हीरा पटेल के अनुसार तिलकराज ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सेंट जोसेफ, पिपरिया से प्राप्त की। कोरोना काल के दौरान उसने नर्मदा वैली में शिक्षा ग्रहण की। बाद में परिवार ने उसे अपने पास रखने का निर्णय लिया और उसका दाखिला पिपरिया के सेमरीटेंस स्कूल में कराया गया। वर्तमान में तिलकराज कक्षा नौवीं का विद्यार्थी है। पढ़ाई के साथ उसने क्रिकेट के अभ्यास को भी जारी रखा। लगातार मेहनत, लगन और खेल के प्रति समर्पण का परिणाम अब मध्यप्रदेश की अंडर-19 टीम में चयन के रूप में सामने आया है।
गांव से राज्य स्तर तक पहुंची प्रतिभा
महज 15 वर्ष की उम्र में राज्य स्तर की क्रिकेट टीम तक पहुंचना तिलकराज के परिवार के साथ-साथ कोहानी गांव और पूरे क्षेत्र के लिए गौरव की बात है। उसकी सफलता ने ग्रामीण क्षेत्र में मौजूद खेल प्रतिभाओं को भी पहचान दिलाई है। तिलकराज के चयन पर विद्यालय परिवार, ग्राम कोहानी और उसकी मित्र मंडली में खासा उत्साह है। सुरेश पटेल, मेहरबान सिंह पटेल, पुष्पराज सिंह पटेल, राजकुमार पटेल गलचा, रामबाबू पटेल, चंद्रगोपाल भार्गव, शरद दुबे और विनय पटेल सहित सैकड़ों लोगों ने उसे बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
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बेटे की रुचि को दी आगे बढ़ने की आजादी
तिलकराज के पिता हीरा पटेल ने कहा कि उन्होंने बेटे की रुचि को देखते हुए उसे आगे बढ़ने की पूरी आजादी दी। उन्होंने कहा कि बेटे की उपलब्धि पर एक पिता के रूप में उन्हें गर्व है। साथ ही उन्होंने तिलकराज की सफलता में सहयोग और शुभकामनाएं देने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया। तिलकराज की मेहनत ने पिता के क्रिकेट से जुड़े अधूरे सपने को नई दिशा दी है। वहीं, कोहानी गांव की इस बाल प्रतिभा ने राज्य स्तर पर अपनी पहचान बनाकर पूरे क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है।






















