गुजरात उपचुनाव:मांजलपुर में BJP की प्रचंड जीत, सतेंद्रभाई पटेल ने कांग्रेस को 30,630 वोटों से हराया

गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बड़ी जीत दर्ज की है। 20 राउंड की मतगणना के बाद बीजेपी उम्मीदवार सतेंद्रभाई (सतीश) पटेल ने कांग्रेस के भीखाभाई रबारी को 30,630 वोटों के भारी अंतर से पराजित कर सीट अपने नाम कर ली। इस जीत के साथ बीजेपी ने एक बार फिर वडोदरा क्षेत्र में अपनी मजबूत पकड़ साबित कर दी।

20 राउंड की मतगणना के बाद साफ हुई तस्वीर
मतगणना पूरी होने पर बीजेपी उम्मीदवार सतीश पटेल को 55,481 वोट मिले, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी भीखा रबारी को 24,851 वोट प्राप्त हुए। शुरुआत से ही बीजेपी लगातार बढ़त बनाए रही और अंतिम राउंड तक यह अंतर काफी बड़ा हो गया। यह उपचुनाव 30 जुलाई को कराया गया था। सीट बीजेपी के वरिष्ठ नेता और गुजरात के पूर्व मंत्री योगेश पटेल के निधन के बाद रिक्त हुई थी। निर्वाचन आयोग के अनुसार 260 मतदान केंद्रों पर करीब 37.5% मतदान दर्ज किया गया था।
विकास और जनहित के मुद्दों को देंगे प्राथमिकता
शानदार जीत के बाद सतीश पटेल ने इसे जनता का आशीर्वाद बताते हुए कहा कि मांजलपुर के लोगों ने जिस विश्वास के साथ पहले स्वर्गीय योगेश पटेल का साथ दिया था, उसी भरोसे को अब उनके प्रति भी दोहराया है। उन्होंने कहा कि यह केवल उनकी व्यक्तिगत जीत नहीं बल्कि क्षेत्र की जनता और बीजेपी कार्यकर्ताओं की सामूहिक जीत है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि वे क्षेत्र के विकास और जनहित के मुद्दों को प्राथमिकता देंगे।
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हार स्वीकारते हुए कांग्रेस ने क्या कहा?
कांग्रेस उम्मीदवार भीखा रबारी ने चुनाव परिणाम स्वीकार करते हुए जनता के फैसले का सम्मान किया। हालांकि उन्होंने आरोप लगाया कि मतदान के अंतिम चरण में ऐसा माहौल बनाया गया जिससे चुनाव पूरी तरह निष्पक्ष नहीं रह सका। उन्होंने अपने समर्थकों और मतदाताओं का धन्यवाद देते हुए कहा कि वे आगे भी जनता के मुद्दों को लोकतांत्रिक तरीके से उठाते रहेंगे।
बीजेपी के लिए अहम है यह जीत
मांजलपुर सीट लंबे समय से बीजेपी का मजबूत गढ़ मानी जाती रही है। पूर्व मंत्री योगेश पटेल के निधन के बाद इस सीट को बचाना पार्टी के लिए प्रतिष्ठा का सवाल था। उपचुनाव में मिली यह बड़ी जीत न सिर्फ बीजेपी के संगठन की मजबूती दिखाती है बल्कि आगामी चुनावों से पहले पार्टी के लिए राजनीतिक तौर पर भी सकारात्मक संकेत मानी जा रही है।












