
जयपुर। राजस्थान के जयपुर में एक होटल में अकाउंटेंट ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। मरने से पहले उसने अपने वॉट्सएप स्टेटस पर अपनी फोटो के साथ चार पेज का सुसाइड नोट डाला। लिखा- मैं अपनी जान दे रहा हूं। मैं सुबह से ही दुःख से मरा जा रहा हूं। उसे आजीवन कारावास की सजा दी जानी चाहिए। वह कहता है कि मैं महापुरा का डॉन हूं, मैं किसी से नहीं डरता। पुलिस ने मेरे पैर पकड़ लिए।
क्या है मामला ?
SHO (बगरू) हरीश चंद्र सोलंकी ने बताया- दहमी कला बगरू के रहने वाले सुनील कुमावत (30) ने सुसाइड किया है। वह बगरू रीको स्थित किस्टल पॉइंट में अकाउंटेंट था। युवक अपने माता-पिता, भाई-भाभी और पत्नी-बच्चों के साथ रहता था। बच्चों की उम्र पांच और तीन साल है। 26 अगस्त को वह सुबह काम पर चला गया। देर शाम तक घर नहीं लौटा।
रात 9.30 बजे कॉल की गई तो परिजनों को कुछ देर बाद आने को कहा गया। वह घर जाने की बजाय छितरोली स्थित रिद्धि-सिद्धि होटल पहुंच गया। किराये पर एक कमरा लिया और रात को एक होटल में रुके। देर रात होटल के कमरे में सुसाइड नोट लिखने के बाद उन्होंने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
वॉट्सएप स्टेटस पर लगाया था सुसाइड नोट
सुनील के भाई ओमप्रकाश कुमावत ने बताया कि आत्महत्या वाली रात उसने कई बार फोन किया था। सुनील ने रिसीव नहीं किया। पहले की तरह घरवाले अपनी बहन या सहेली के घर जाने की सोच कर सो गए। जब मैं 27 अगस्त को सुबह 7 बजे उठा और अपना वॉट्सएप स्टेटस चेक किया तो मुझे अपने भाई की फोटो के साथ चार पेज का सुसाइड नोट मिला।
देखें सुसाइड नोट…



