इंडोनेशिया में समुद्र के बीच टूटा 240 यात्रियों से भरा जहाज का संपर्क, तलाश में जुटी टीमें

इंडोनेशिया में रविवार को उस समय चिंता बढ़ गई, जब 240 लोगों को लेकर जा रहे एक यात्री जहाज से अचानक संपर्क टूट गया। जहाज जावा सागर से गुजर रहा था। संपर्क टूटने के बाद स्थानीय अधिकारियों ने तुरंत खोज और बचाव अभियान शुरू कर दिया है। फिलहाल जहाज की सही लोकेशन का पता नहीं चल पाया है और किसी यात्री के हताहत होने की तत्काल सूचना भी नहीं है।
सुरबाया से बंजारमासिन जा रहा था जहाज
जानकारी के मुताबिक, विर्गो ट्रांसपोर्ट 8 नाम का यह यात्री जहाज पूर्वी जावा प्रांत के सुरबाया से रवाना हुआ था। इसे बोर्नियो द्वीप के दक्षिण कालीमंतन प्रांत की राजधानी बंजारमासिन पहुंचना था। यात्रा के दौरान जहाज जावा सागर में था। इसी दौरान उसकी संचार व्यवस्था ने काम करना बंद कर दिया और अधिकारियों का जहाज से संपर्क टूट गया।
आखिरी लोकेशन जावा सागर में मिली
बंजारमासिन स्थित सर्च एंड रेस्क्यू ऑफिस को जहाज से संपर्क टूटने की जानकारी मिली। इसके बाद बचाव एजेंसियों ने जहाज की आखिरी ज्ञात लोकेशन का पता लगाया और उसी क्षेत्र में तलाश शुरू कर दी। अधिकारियों के मुताबिक, जहाज की आखिरी लोकेशन जावा सागर में मिली थी। यह जगह बंजारमासिन के एक पियर से करीब 148 किलोमीटर दूर बताई जा रही है।
जहाज में 240 लोग सवार
अधिकारियों ने बताया कि विर्गो ट्रांसपोर्ट 8 में कुल 240 लोग सवार थे। इनमें यात्रियों के साथ चालक दल के सदस्य भी शामिल हैं। फिलहाल किसी के घायल होने या मौत की कोई तत्काल जानकारी सामने नहीं आई है।
संचार व्यवस्था बंद होने से बढ़ी चिंता
फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि जहाज से संपर्क किस वजह से टूटा। यह भी जानकारी सामने नहीं आई है कि जहाज की संचार व्यवस्था में तकनीकी खराबी आई या किसी अन्य कारण से संपर्क बाधित हुआ। अधिकारी जहाज की आखिरी लोकेशन और उपलब्ध जानकारी के आधार पर उसकी तलाश कर रहे हैं। समुद्र में मौसम और परिस्थितियों को देखते हुए बचाव दल सावधानी के साथ अभियान चला रहा है।
क्या है पूरा मामला?
विर्गो ट्रांसपोर्ट 8 इंडोनेशिया के सुरबाया से बंजारमासिन के लिए रवाना हुआ था। यात्रा के दौरान जावा सागर में जहाज का संपर्क टूट गया। इसके बाद बंजारमासिन सर्च एंड रेस्क्यू ऑफिस ने अन्य बचाव एजेंसियों के साथ मिलकर तलाश शुरू की। फिलहाल जहाज कहां है, उसकी स्थिति कैसी है और संपर्क टूटने की असली वजह क्या है, इन सवालों के जवाब तलाशे जा रहे हैं। अधिकारियों की ओर से आगे की जानकारी मिलने का इंतजार है।




















