इंदौर -
वैशाली नगर क्षेत्र में शनिवार को 12वीं कक्षा के 17 वर्षीय छात्र की मौत का मामला सामने आया है। रविवार को हुए पोस्टमार्टम में स्पष्ट हुआ कि छात्र की मौत कार्डियक अरेस्ट के कारण हुई। मृतक ऋषि पंडित का शव घर के बाथरूम में मिला था। सूचना मिलने पर परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे थे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था।
पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर जयदीप जमींदार के अनुसार छात्र की लंबाई करीब 5.10 फीट थी और वजन लगभग 130 किलोग्राम दर्ज किया गया। जांच में सामने आया कि दिल का आकार सामान्य से करीब एक चौथाई बढ़ा हुआ था। इसके साथ ही दिल की तीनों प्रमुख धमनियों में ब्लॉकेज पाए गए।
डॉक्टरों का कहना है कि ब्लॉकेज लंबे समय से मौजूद हो सकते थे। संभव है कि छात्र को पहले भी इसके लक्षण महसूस हुए हों, लेकिन इसे सामान्य समझकर परिवार या चिकित्सकों को जानकारी नहीं दी गई। परिजनों के अनुसार छात्र दोपहर करीब तीन बजे नहाने के लिए बाथरूम गया था। काफी देर तक बाहर नहीं आने पर दरवाजा तोड़ा गया, जहां वह बेसुध हालत में मिला।
परिवार ने बताया कि छात्र को किसी भी प्रकार की गंभीर बीमारी की जानकारी नहीं थी और न ही उसका कोई इलाज चल रहा था। वजन अधिक होने के बावजूद दिल की धमनियों में ब्लॉकेज की स्थिति से परिवार पूरी तरह अनजान था, क्योंकि इससे संबंधित कोई जांच पूर्व में नहीं कराई गई थी।
चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार अत्यधिक मोटापे के कारण दिल पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है, जिससे कम उम्र में भी कार्डियक अरेस्ट का खतरा बढ़ जाता है। मोटापा, शारीरिक गतिविधि की कमी, जंक फूड का अधिक सेवन, उच्च रक्तचाप, मधुमेह और नींद की कमी जैसी स्थितियां हृदय रोगों को बढ़ावा दे रही हैं। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच प्रक्रिया पूरी कर ली है।