खंडवा। शुक्रवार की सुबह मध्यप्रदेश के खंडवा जिले में भूकंप के हल्के झटके दर्ज किए गए। भूकंप की तीव्रता 3.0 मापी गई। इस भूकंप का हाईपोसेंटर करीब 5 किलोमीटर की गहराई पर था। भूकंप का केंद्र शहर से लगभग 21 किलोमीटर दूर कोहदड़ क्षेत्र के पास टाकली गांव में स्थित रहा।
मौसम विभाग ने बताया कि भूकंप सुबह 8 बजकर 47 मिनट और 37 सेकंड पर दर्ज किया गया। हालांकि, जिले के टाकली गांव या खंडवा में किसी भी स्थान पर भूकंप के झटके महसूस नहीं किए गए।

भूकंप के बाद जिले में मौसम भी बदलने लगा। सुबह से ही खंडवा में मौसम में ठंडक महसूस की जा रही थी। दोपहर 12 बजे के बाद धीरे-धीरे बारिश के आसार बन गए। पहले आधे घंटे के लिए तेज बारिश हुई, इसके बाद रिमझिम बारिश का दौर दोपहर भर जारी रहा। मौसम विभाग ने बताया कि यह बदलाव भी भूकंप से संबंधित नहीं था, बल्कि मौसमी परिवर्तन का हिस्सा था। बारिश से तापमान में गिरावट आई और वातावरण में ताजगी छा गई।
धरती की सतह कई टेक्टोनिक प्लेट्स से बनी है। ये प्लेट्स लगातार हिलती-डुलती रहती हैं। जब इनमें घर्षण या टकराव होता है तो दबाव बनता है। दबाव ज्यादा होने पर ऊर्जा बाहर निकलती है और भूकंप आता है।
भूकंप मुख्य रूप से तीन तरह की फॉल्ट लाइनों से आता है:
रिवर्स फॉल्ट – जमीन का हिस्सा ऊपर उठ जाता है।
स्ट्राइक स्लिप फॉल्ट – प्लेट्स खिसकने से जमीन का हिस्सा आगे-पीछे होता है।
नॉर्मल फॉल्ट – जमीन का हिस्सा नीचे धंस जाता है।
4 से 4.9: खिड़कियां टूट सकती हैं।
5 से 5.9: फर्नीचर हिल सकता है।
6 से 6.9: इमारतों की नींव दरक सकती है।
7 से ऊपर: इमारतें और पुल तक गिर जाते हैं।
9 या उससे ज्यादा: पूरी तबाही और सुनामी का खतरा।