
बीजिंग। चीन का एक अंतरिक्ष यान मिट्टी और चट्टान के नमूने एकत्रित करने के लिए अपनी तरह के पहले प्रयास के तहत रविवार को चंद्रमा के एक सुदूर हिस्से में उतरा। ये नमूने चंद्रमा के कम खोजे गए क्षेत्र और अच्छी तरह ज्ञात इसके निकटतम भाग के बीच अंतर के बारे में जानकारियां उपलब्ध करा सकते हैं। चंद्रमा का निकटतम भाग चंद्र गोलार्ध है जो हमेशा सुदूर भाग के विपरीत यानी पृथ्वी की ओर होता है। चीन के राष्ट्रीय अंतरिक्ष प्रशासन के अनुसार, चांग ए-6 मानव इतिहास में पहली बार दक्षिणी ध्रुव-एटकेन बेसिन नामक एक विशाल गड्ढे में बीजिंग के समयानुसार सुबह छह बजकर 23 मिनट पर उतरा।
चांग ए-6 में एक ऑर्बिटर, एक रिटर्नर, एक लैंडर और एक आरोहक है। इस मिशन का नाम चीन की पौराणिक चंद्रमा देवी के नाम पर रखा गया है। सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने बताया कि सबसे जटिल प्रयास में से एक चंद्रमा की सतह पर उतरने के लिए बाधाओं का पता लगाने के लिए एक स्वायत्त दृश्य बाधा निवारण प्रणाली का इस्तेमाल किया गया।
पहले भारत के चंद्रयान-3 का लैंडर उतर चुका है यहां
एक लाइट कैमरा ने चंद्रमा की सतह पर उजाले और अंधेरे के आधार पर सुरक्षित उतरने के लिए एक स्थान का चयन किया। चांग ए-6 मिशन को चंद्रमा के सुदूर हिस्से से नमूने एकत्रित करके लौटने का जिम्मा दिया गया है जो अपने आप में पहला प्रयास है। भारत पिछले साल चंद्रमा के कम खोजे गए दक्षिणी ध्रुव हिस्से के समीप उतरने वाला पहला देश बन गया था। प्रज्ञान रोवर को लेकर जा रहा उसका चंद्रयान-3 का लैंडर वहां सफलतापूर्वक उतरा था। चंद्रमा के सुदूर क्षेत्र तक मिशन भेजना ज्यादा मुश्किल है क्योंकि यह पृथ्वी के सामने नहीं होता जिसके कारण संचार बनाए रखने के लिए रिले उपग्रह की आवश्यकता होती है। साथ ही यह हिस्सा अधिक उबड़-खाबड़ है जहां लैंडर के उतरने के लिए बहुत ही कम समतल भूमि थी।
अंतरिक्ष जाने वाली पहली बोइंग उड़ान स्थगित
अंतरिक्ष यात्री को लेकर जा रही बोइंग की पहली उड़ान का प्रक्षेपण कम्प्यूटर प्रणाली की खामी के कारण आखिरी क्षण में शनिवार को एक बार फिर स्थगित कर दिया गया। स्टारलाइनर कैप्सूल में नासा के दो अंतरिक्ष यात्री सवार थे तभी उड़ान से पहले अंतिम मिनटों को नियंत्रित करने वाली कम्प्यूटर प्रणाली ने तीन मिनट 50 सेकंड पर उल्टी गिनती खुद रोक दी। उड़ान भरने में कुछ ही समय शेष रहने के कारण समस्या को ठीक करने का समय नहीं था और अंतत: प्रक्षेपण स्थगित कर दिया गया। केप केनवरल स्पेस फोर्स स्टेशन में एटलस वी रॉकेट पर सवार अंतरिक्ष यात्रियों को बाहर निकाल लिया गया।