छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू का बढ़ा खतरा,152 केस के बीच कोरोना की भी दस्तक

रायपुर: छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों के बीच कोरोना संक्रमण की भी दस्तक ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। प्रदेश में स्वाइन फ्लू के 152 मामले सामने आए हैं, जबकि कोरोना के 2 केस मिले हैं। बढ़ते संक्रमण को लेकर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने लोगों से पैनिक नहीं करने की अपील की है। मंत्री ने कहा कि कोरोना से निपटने के लिए पहले लगाए गए डोज की वजह से लोगों के शरीर में पर्याप्त इम्यून पावर बनी हुई है। वहीं, जिला अस्पताल और मेकाहारा में जांच की व्यवस्था उपलब्ध कराई गई है।
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छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू के 152 केस
प्रदेश में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण के मामले लगातार चर्चा में हैं। अब तक 152 केस सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग संक्रमण की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। ऐसे में लोगों के लिए जरूरी है कि वे स्वाइन फ्लू के लक्षणों को नजरअंदाज न करें।
कोरोना के 2 मामलों से बढ़ी सतर्कता
स्वाइन फ्लू के बीच छत्तीसगढ़ में कोरोना के भी 2 मामले सामने आए हैं। कोरोना की दस्तक के बाद स्वास्थ्य व्यवस्था और जांच को लेकर लोगों की नजर स्वास्थ्य विभाग पर है। हालांकि स्वास्थ्य मंत्री ने स्थिति को लेकर किसी तरह की घबराहट से बचने की अपील की है।
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हेल्थ मिनिस्टर जायसवाल का बड़ा बयान
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि पैनिक होने की जरूरत नहीं है। उनके मुताबिक कोरोना से निपटने के लिए पहले लगाए गए डोज की वजह से लोगों के शरीर में पर्याप्त इम्यून पावर बनी हुई है। मंत्री के बयान के बाद स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को सतर्क रहने और संक्रमण के लक्षण दिखाई देने पर समय रहते जांच कराने की सलाह दी गई है।
मेकाहारा में जांच की पूरी व्यवस्था
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि जिला अस्पताल और मेकाहारा में जांच की पूरी व्यवस्था की गई है। इसका उद्देश्य लक्षण वाले मरीजों की समय पर पहचान और जरूरत के मुताबिक इलाज उपलब्ध कराना है।
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लक्षण दिखें तो लापरवाही नहीं
स्वाइन फ्लू या कोरोना से जुड़े लक्षण नजर आने पर लोगों को खुद से इलाज करने या जांच टालने के बजाय तत्काल अस्पताल पहुंचने की अपील की गई है। शुरुआती स्तर पर जांच और चिकित्सकीय सलाह संक्रमण की स्थिति को समझने में मदद कर सकती है।
एक साथ दो संक्रमणों की दस्तक
छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू के 152 मामले और कोरोना के 2 केस सामने आने के बाद स्वास्थ्य से जुड़ी खबरों पर लोगों की नजर बढ़ गई है। फिलहाल स्वास्थ्य मंत्री ने साफ किया है कि घबराने के बजाय सावधानी और समय पर जांच जरूरी है।




















