AI को स्लो डाउन करने की बात के बाद Anthropic का नया प्लान, अब AI से ही बनेगा Next Generation AI!

वॉशिंगटन। एक सप्ताह पहले AI डेवलपमेंट को धीमा करने की बात कह चुके Anthropic के CEO डारियो अमोदेई अपने पिछले बयान से पलटते दिख रहे हैं। इसकी पुष्टि उनकी कंपनी में हो रहे बदलावों से हुई है। हाल ही में कंपनी ने AI डेवलपमेंट के तीन जरूरी फीचर्स को दिखाने के लिए कुछ टूल बताए हैं। इसमें AI किस हद तक अपना अगला वर्जन खुद बना रहा है (ऐसा जिसे इंसान नहीं बनाएं), Anthropic के सिस्टम पर AI एजेंट पर नजर रखने और दखल देने की हमारी क्षमता और ज्यादा बेहतर मॉडल बनाने के लिए जरूरी संसाधन शामिल हैं। ब्लॉग पोस्ट में Anthropic ने कहा- AI के डेवलपमेंट के साथ-साथ फ्रंटियर लैब्स (एडवांस वर्क) की जानकारी और आम लोगों के बीच पहुंच रही इंफॉर्मेशन के अंतर को कम करने की जरूरत है। इसके लिए हर तरह के प्रयास करने चाहिए। कंपनी ने इसका पैमाना बताया- AI डेवलपमेंट को बेहतर ढंग से मापना, उसके बारे में सार्वजनिक रूप से रिपोर्ट करना। कंपनी का मानना है कि इससे आम लोगों को यह तय करने का मौका मिल सकेगा कि दी गई जानकारी का इस्तेमाल कैसे किया जाए।
AI से AI बनेगा
कंपनी ने इसके कुछ स्टैंडर्ड तय किए हैं। इनमें AI से होने वाले रिसर्च और डेवलपमेंट को ट्रैक करना है। कंपनी ने इसके लिए AI R&D ऑटोमेशन इंडेक्स बनाया है। यह जांचेगा कि उसका कितना AI रिसर्च और डेवलपमेंट का काम Claude करता है। इसके लिए कुछ स्टेजेज तय की गई हैं। इनमें AL0 से AL5 तक के पैमाने का इस्तेमाल किया जाता है। AL3 लेवल तक AI इंसानों के साथ मिलकर काम करता है। इसके आगे के दो लेवल AL4 पर AI काम ही काम को लीड करता है, जिसमें हाई लेवल के कामों को भी AI ही मॉनीटर और एग्जीक्यूट करता है। AL5 के लेवल में AI बिना किसी मदद के पूरा काम करता है।
अभी AL4, AL5 के लेवल पर नहीं
अपने काम के लेवल की जांच कंपनी ने अगस्त 2026 तक की। इसमें सामने आया कि किसी भी AI R&D काम के लिए Claude पूरी तरह से ऑटोनॉमस नहीं था, यानी इंसानी मदद की जरूरत पड़ती है। हालांकि Anthropic के 26% AI R&D काम के लिए Claude AL4 लीड लेवल पर था।
एडवांस पैरामीटर्स
वहीं कंपनी के दूसरे जांच पैरामीटर की बात करें तो पता चलता है कि Anthropic इसे मॉनीटर करता है कि AI एजेंट की निगरानी कैसे की जाती है। Anthropic ने बताया कि अगस्त में उसके सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले इंटरनल प्लेटफॉर्म पर लगभग 30,000 एजेंट एक ही समय पर रिसर्च और इंजीनियरिंग का काम कर रहे थे। इन एजेंट के सभी काम लागू होने से पहले एक ऑनलाइन मॉनिटर से जांचे जाते हैं।
तीसरा पैरामीटर यह ट्रैक करता है कि Anthropic अपने कंप्यूटिंग रिसोर्स का इस्तेमाल कैसे करता है। कंपनी ने एक प्रोग्राम का प्रयोग कर जांच की और काम को अलग-अलग कैटेगरी में बांटा। इसमें AI सेफ्टी और रिसर्च से जुड़ा काम भी शामिल था।




















