PlayBreaking News

शिवपुरी के जंगलों से 10 तेंदुओं का शिकार :आगरा में खाल और कटे सिरों के साथ 4 अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार, माधव टाइगर रिजर्व की सुरक्षा पर सवाल

आगरा में वन विभाग, पुलिस और वाइल्ड लाइफ एसओएस की संयुक्त कार्रवाई में 10 तेंदुओं की खाल और कटे हुए सिर बरामद कर चार अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने दावा किया कि तेंदुओं का शिकार शिवपुरी के जंगलों में किया गया था, जिससे माधव टाइगर रिजर्व की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं।
Follow on Google News
आगरा में खाल और कटे सिरों के साथ 4 अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार, माधव टाइगर रिजर्व की सुरक्षा पर सवाल
शिवपुरी। तेंदुओं का शिकार करने वाले तस्कर आए गिरफ्त में।

शिवपुरी। आगरा के थाना सैंया क्षेत्र में वन विभाग, पुलिस और वाइल्ड लाइफ एसओएस की संयुक्त कार्रवाई में 10 तेंदुओं की खाल और उनके कटे हुए सिर बरामद किए गए हैं। इस मामले में चार अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। आरंभिक पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया है कि तेंदुओं का शिकार शिवपुरी के जंगलों और आसपास के क्षेत्र में किया गया था। इस खुलासे के बाद शिवपुरी के वन विभाग और माधव टाइगर रिजर्व की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

तीन महीने से चल रही थी निगरानी 

वन विभाग के अनुसार, बुधवार रात करीब 8 बजे आगरा वन प्रभाग, आगरा पुलिस और वाइल्ड लाइफ एसओएस की संयुक्त टीम ने थाना सैंया क्षेत्र स्थित एक होटल में छापा मारकर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। टीम करीब तीन महीने से इस गिरोह पर नजर रखे हुए थी।

ग्राहक बनकर बिछाया गया जाल 

आरोपियों तक पहुंचने के लिए अधिकारियों ने ग्राहक बनकर तेंदुए की खाल खरीदने का जाल बिछाया था। जैसे ही आरोपी खाल लेकर होटल पहुंचे, टीम ने उन्हें दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सतपाल नाथ निवासी फरीदाबाद (हरियाणा), भोगीराम आदिवासी निवासी शिवपुरी, गब्बर निवासी मुरैना और भगत सिंह निवासी हरियाणा के रूप में हुई है। इनके कब्जे से 10 तेंदुओं की खाल और कटे हुए सिर बरामद किए गए हैं।

ये भी पढ़ें: Chhota Rajan : छोटा राजन को CBI कोर्ट का झटका, फर्जी पासपोर्ट मामले में 7 साल की सजा

तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटीं एजेंसियां 

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि तेंदुओं का शिकार शिवपुरी क्षेत्र में किया गया था और खाल व अन्य अंग बेचने के लिए आगरा लाए गए थे। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस गिरोह में और कौन-कौन शामिल है, शिकार किन इलाकों में किया गया और खालों की तस्करी का नेटवर्क कितना बड़ा है।

सीसीएफ बोले-शिकार की जानकारी नहीं 

इस मामले में जब माधव टाइगर रिजर्व के सीसीएफ उत्तम शर्मा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि शिवपुरी के माधव टाइगर रिजर्व या जंगलों में तेंदुओं के शिकार की उन्हें कोई जानकारी नहीं है। सीसीएफ के इस बयान के बाद स्थानीय वन अमले की निगरानी और गश्त व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं।

ये भी पढ़ें: गुना : भाजपा विधायक पन्नालाल शाक्य ने खनिज विभाग की खोली पोल; बोले- अधिकारी ही करवा रहे हैं चोरपना

जांच के बाद सामने आएगी पूरी सच्चाई 

फिलहाल चारों आरोपियों से पूछताछ जारी है। संभावना है कि जांच टीम उन्हें लेकर शिवपुरी के उन जंगलों में भी पहुंच सकती है, जहां से तेंदुओं के शिकार का दावा किया गया है। जांच पूरी होने के बाद पूरे नेटवर्क और शिकार की वास्तविक जगह का खुलासा होने की उम्मीद है।

Naresh Bhagoria
By Naresh Bhagoria

नरेश भगोरिया। 27 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्ववि...Read More

नई दिल्ली
--°
बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
Source:AccuWeather
icon

Latest Posts