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खाना पैक करने के लिए बटर पेपर और नेचुरल वुड पल्प कंटेनर करें यूज

फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने जारी किए दिशा-निर्देश
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खाना पैक करने के लिए बटर पेपर और नेचुरल वुड पल्प कंटेनर करें यूज

भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण ने हाल में खाना रखने और पैक करने के लिए अखबारों का इस्तेमाल करना बंद करने को कहा है। फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने हाल ही में इस संबंध में निर्देश भी जारी किए हैं। इस बारे में डॉक्टर्स का कहना है कि अखबार अक्सर वितरण के दौरान अलग- अलग जगहों से गुजरते हैं, जिस कारण उनके बैक्टीरिया, वायरस या अन्य रोगजनकों के संपर्क में आने का खतरा बढ़ जाता है। स्याही वाले कागज का इस्तेमाल ना तो भोजन को लपेटने, कवर करने या परोसने के लिए किया जाना चाहिए और न ही तले हुए भोजन से अतिरिक्त तेल को अवशोषित करने के लिए उपयोग किया जाना चाहिए।

वहीं डॉक्टर्स का कहना है कि सिर्फ अखबार ही नहीं, बल्कि प्लास्टिक और एल्युमिनियम फॉयल से लेकर प्लास्टिक के डिस्पोजेबल कंटेनर में गर्म खाना रखना भी हानिकारक रसायन खाने में घोल देता है। इसकी बजाए पेड़ों की छाल व पत्तियों से बने पेपर यूज करना चाहिए। बटर पेपर भी एक सुरक्षित विकल्प होता है।

एल्युमिनियम फॉयल भी नुकसानदायक

अधिकांश लोग लंच बॉक्स में खाना पैक करने के लिए एल्युमिनियम फॉयल का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन कम ही लोग यह जानते हैं कि एल्युमिनियम इंसानी दिमाग की कोशिकाओं के विकास को प्रभावित करता है। इसके अलावा जिन लोगों को बोन से संबंधित बीमारियां हैं, उनके लिए भी एल्युमिनियम नुकसानदेह है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, एल्युमिनियम फॉयल में पके हुए भोजन मानक से अधिक एल्युमिनियम की मात्रा हो सकती है, वहीं अगर एल्युमिनियम फॉयल में एसिडिक भोजन को रखा जाए] तो उसमें भी एल्युमिनियम की मात्रा अधिक हो सकती है। इसके अलावा अखबार की स्याही में इस्तेमाल केमिकल फेफड़े व मस्तिष्क के लिए नुकसानदायक होते हैं।

गन्ने, ताड़, केले के पत्ते से बने कंटेनर लें

अब बायोडिग्रेडेबल कंटेनर व पेपर आने लगे हैं जो कि पूरी तरह से सुरक्षित रहते हैं। शीट फॉयल के रूप में न आकर एक बॉक्स में पैक शीट के रूप में आते हैं ताकि जब जरूरत हो पैकिंग के लिए शीट निकाल सके। बटर पेपर, ताड़ के पेड़, केले के पत्ते, गन्ने व बैंबू से बनी शीट व बॉक्स आने लगे हैं जो कि ब्लीच व केमिकल फ्री होते हैं, तो बेहतर होगा कि उसका इस्तेमाल किया जाए। -डॉ.एन.गणेश, कंसल्टेंट आंकोजेनेटिक्स व सीनियर साइंटिस्ट

फूड ग्रेड पेपर में खाना रखना सुरक्षित है

लोकल रैपिंग पेपर पर सिलिकॉन की परत होती है और यह ब्लीच किए होते हैं इसलिए नेचुरल वुड पल्प से बने फूड ग्रेड पेपर व बॉक्स इस्तेमाल करना चाहिए। -डॉ. अलका दुबे, न्यूट्रीशनिस्ट

Javedakhtar Ansari
By Javedakhtar Ansari

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