कोई चट्टान की तरह अड़ा रहा...तो किसी ने 803 पास असिस्ट किए, जानिए स्पेन को चैंपियन बनाने वाले 7 खिलाड़ियों को

स्पोर्ट्स डेस्क। स्पेन ने फीफा वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर 16 साल बाद दूसरी बार विश्व कप ट्रॉफी अपने नाम कर ली। इस जीत के पीछे सिर्फ एक स्टार खिलाड़ी नहीं, बल्कि पूरी टीम का शानदार प्रदर्शन रहा। मजबूत डिफेंस, सटीक पासिंग और बेहतरीन तालमेल ने स्पेन को पूरे टूर्नामेंट में सबसे अलग बनाया। आइए जानते हैं उन सात खिलाड़ियों के बारे में, जिन्होंने स्पेन को विश्व चैंपियन बनाने में सबसे अहम भूमिका निभाई।
शुरुआत स्पेन के विक्ट्री सेलिब्रेशन से
न्यूजर्सी का मेटलाइफ स्टेडियम चारों तरफ से फुटबॉल फैंस की गिरफ्त में गुलजार

स्पेन की तकदीर बदलने वाले 7 खिलाड़ी
फेरान टोरेस: फाइनल में बने जीत के हीरो
फेरान टोरेस फाइनल में दूसरे हाफ में सब्स्टीट्यूट के तौर पर मैदान पर उतरे और 106वें मिनट में मैच का एकमात्र गोल दाग दिया। निको विलियम्स के हेडर से मिली गेंद को उन्होंने शानदार तरीके से गोल में बदलकर स्पेन को खिताब दिलाया। उनका यह गोल इतिहास में दर्ज हो गया।
90वें मिनट तक चले बराबरी के मैच के बाद स्पेन का एकमात्र विनिंग गोल करने वाले फेरान टोरेस
लामिन यमाल: युवा स्टार ने दिखाया कमाल
19 वर्षीय लामिन यमाल पूरे टूर्नामेंट में स्पेन के सबसे खतरनाक खिलाड़ियों में रहे। उन्होंने सबसे ज्यादा 30 सफल ड्रिबल किए। सेमीफाइनल में फ्रांस के खिलाफ उनके शानदार खेल से स्पेन को पेनल्टी मिली, जिस पर टीम ने गोल किया। उनकी गति और स्किल ने हर मुकाबले में विरोधी टीम की मुश्किलें बढ़ाईं।
कभी लियोनल मैसी ने गोद में उठाया था तो वहीं लामिन यमाल ने आज स्पेन को बनाया चैंपियन
रोड्री: मिडफील्ड के असली कप्तान
स्पेन के कप्तान रोड्री ने पूरे टूर्नामेंट में मिडफील्ड से खेल को नियंत्रित किया। उन्होंने सबसे ज्यादा 803 पास दिए, जिनमें 94 प्रतिशत सफल रहे। उनकी शानदार कप्तानी और लगातार सटीक पासिंग के लिए उन्हें टूर्नामेंट का गोल्डन बॉल अवॉर्ड भी मिला।
कप्तान रोड्री ने पूरे टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा 803 पास असिस्ट किए
मिकेल ओयारजाबाल: सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी
ओयारजाबाल स्पेन के लिए सबसे ज्यादा 5 गोल करने वाले खिलाड़ी रहे। उन्होंने एक असिस्ट भी किया। नॉकआउट मुकाबलों में लगातार शानदार प्रदर्शन करते हुए उन्होंने टीम के आक्रमण को मजबूती दी और कई अहम मौकों पर गोल किए।
पॉ क्यूबार्सी: युवा डिफेंडर ने जीता दिल
पॉ क्यूबार्सी को टूर्नामेंट का बेस्ट यंग प्लेयर चुना गया। उन्होंने 97 प्रतिशत पासिंग एक्यूरेसी के साथ शानदार प्रदर्शन किया। फाइनल में उन्हीं पर हुए फाउल के कारण अर्जेंटीना के एंजो फर्नांडेज को रेड कार्ड मिला, जिससे स्पेन को अतिरिक्त समय में बड़ा फायदा मिला।
उनाई सिमोन: दीवार बने गोलकीपर
स्पेन के गोलकीपर उनाई सिमोन पूरे टूर्नामेंट में लगभग अजेय रहे। उन्होंने 14 शानदार बचाव किए और पूरे विश्व कप में सिर्फ एक गोल खाया। उनके शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें गोल्डन ग्लव अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। स्पेन के मजबूत डिफेंस की सबसे बड़ी वजह सिमोन का भरोसेमंद प्रदर्शन रहा।
उनाई सिमोन जिन्होंने पूर टूर्नामेंट में कुल 14 गोल बचाएं उन्हें 'गोल्डन ग्लव अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया
निको विलियम्स: असिस्ट से दिलाई ट्रॉफी
निको विलियम्स को पूरे टूर्नामेंट में ज्यादा मौके नहीं मिले, लेकिन फाइनल में उन्होंने अपनी छाप छोड़ दी। उनके हेडर से मिली गेंद पर फेरान टोरेस ने विजयी गोल किया। इस एक असिस्ट ने स्पेन को विश्व चैंपियन बना दिया।
टीमवर्क बना स्पेन की सबसे बड़ी ताकत
स्पेन ने पूरे टूर्नामेंट में 5,450 पास दिए, जिनमें 4,930 सफल रहे। टीम की पासिंग एक्यूरेसी 90 प्रतिशत रही, जो पूरे टूर्नामेंट में सबसे बेहतर थी। मजबूत डिफेंस, बेहतरीन पासिंग और हर खिलाड़ी के योगदान ने स्पेन को 2026 फीफा वर्ल्ड कप का नया चैंपियन बना दिया।
इमोशनल मोमेंट्स जिसने बटौरी सुर्खियां
लामिन यमाल ने हार के बाद मायूस बैठे मैसी को गले लगाया
लगातार दूसरी बार चैंपियन बनने के सपने टूटने पर अर्जेंटीना के फैंस के छलके आसूं











