भोपाल। नगर निगम प्रशासन करीब बीते एक महीने से एमपीनगर जोन-1 और 2 की सड़कों की हत्या कर रहा है। अमृत-2 परियोजना के तहत सीवेज लाइन बिछाने के लिए शहर की सबसे मजबूत सड़कों की बीच से खुदाई की जा रही है, जो लोगों के लिए आफत बन गई है। क्योंकि खुदाई के लिए सड़कों की नाम मात्र के लिए मरम्मत की जा रही है। इससे एमपी नगर की सड़कों पर लोगों को आवाजाही मुश्किल हो रही है। वाहन चालक सड़कों के गड्ढों के कारण गिरकर घायल हो रहे हैं। हालत यह है कि खुदाई के कारण उड़ रही धूल ने सांस लेना दूभर कर दिया है।

लोगों की शिकायतें मिलने के बाद शनिवार को पीपुल्स टीम ने एमपीनगर जोन-1 और 2 में पड़ताल की। परेशान लोगों से बातचीत की, तो लोगों ने यही कहा कि एमपीनगर की सड़कों को बने हुए 15 वर्ष से अधिक हो गए। इस तरह की मजबूत सड़कें शहर में गिनी-चुनी जगह ही हैं। क्या पहले यहां सीवेज नेटवर्क नहीं था? आखिर नगर निगम प्रशासन को सड़कों की हत्या कराने की जरूरत क्यों पड़ी? व्यापारी व लोगों ने इसको लेकर नाराजगी जताई है।

एमपी नगर जोन-2 में संरगम टॉकीज के आसपास, प्रगति पेट्रोप पंप के पीछे, बैंक स्ट्रीट लाइन सहित अधिकांश सड़के बीच से खोद दी गई है। जिन्हें खोदा जाना है, उन पर चूने से मार्किंग कर दी गई है। गड्ढों के कारण ग्राहक दुकानों तक नहीं पहुंच पा रहे। इससे व्यापारियों का धंधा चौपट हो गया है। खाद्य पदार्थों पर धूल जम रही है। कोचिंग, कार्यालयों, शोरूम तक लोगों को पहुंचने में मशक्कत करनी पड़ रही है।
एमपीनगर जोन-1 विजय स्तंभ के आसपास सड़कों की खुदाई जा रही है। खुदाई से निकली गिट्टियों से दो पहिया वाहन फिसलने से लोग गिर रहे हैं। यहां अभी सीवेज लाइन के लिए लगभग सभी सड़कों की खोदी जानी हैं।


सड़कों को बीच से खोद दिया गया है। 15 साल से अधिक पुरानी एमपी नगर की सड़कों का सत्यानाश कर दिया गया है। हमने नगर निगम के समक्ष इसका विरोध किया है। मरम्मत भी ठीक से नहीं की जा रही। धूल से सामान खराब हो रहा है। धंधा चौपट हो गया है। यदि सड़कों की मरम्मत ठीक से नहीं की गई तो मुख्यमंत्री से शिकायत करेंगे।
योगेश साहू, अध्यक्ष, महाराणा प्रताप (एमपी नगर जोन-1,2)महासंघ
एमपीनगर जोन-2 में सबसे अच्छी सड़कें थीं, जो अब पूरी तरह बदहाल हो गई हैं। लोग दुकानों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं।
सुदर्शन कुशवाह, एमपी नगर

अक्सर एमपी नगर में आना होता है, क्योंकि यहां पर कोचिंग क्लासेज हैं। ऐसे में फास्ट फूड भी खाना होता है। धूल उड़ने से फास्ट फूड खाने से परहेज करते हैं।
शुभम, स्टूडेंट
एमपी नगर में सड़कों की खुदाई से आने-जाने में बहुत दिक्कत हो रही है। बीच से सड़कें खुदने से दोनों तरफ बनी दुकानों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं।
सुधा शर्मा, स्टूडेंट

एमपी नगर जोन-2 में जब से सड़कों की खुदाई हुई है, तब से परेशानी बढ़ गई है। अब आने का मन नहीं होता है, लेकिन कोचिंग क्लासेज होने से आना ही पड़ता है।
शुभि मित्तल, स्टूडेंट
नगर निगम ने एमपीनगर जोन एक और दो की सड़कों को खोद दिया है। सीवेज चैंबर बनाने और पाइप लाइन बिछाने के बाद खोदी गई सड़कों की मरम्मत नहीं हो रही।
शुभम कुशवाह, राहगीर
सड़कों की खुदाई से लोग गिरकर चोटिल हो रहे हैं। चार पहिया वाहनों की आवाजाही से पैदल चलने वाले लोगों को परेशानी हो रही है।
योगेंद्र सिंह परमार, राहगीर

एमपी नगर में सड़कों की खुदाई एक महीने से मुसीबत बनी हुई है। नाश्ता करने के लिए दुकानों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। फेर खाकर जैसे-तैसे पहुंचते हैं तो खाद्य पदार्थों पर धूल चढ़ी देखकर खाने का मन नहीं होता है।
नरेंद्र कुमार राव, राहगीर
अमृत 2.0 परियोजना के तहत यहां भी सीवेज लाइन डाली जा रही है। लाइन डालने के बाद खोदी गई सड़कों का रेस्टोरेशन कराया जा रहा है।
उदित गर्ग, प्रोजेक्ट इंजीनियर