PlayBreaking News

पंचायतों में घोटाले :मृतकों के नाम पर बांट दी संबल-पेंशन की करोड़ों रुपए की राशि

लोकल ऑडिट में खुलासा हुआ है कि पंचायतें मनमाने तरीके से काम कर रही हैं। कई पंचायतों ने मृतकों के नाम पर संबल योजना और  पेंशन की करोड़ों रुपए की राशि बांट दी है।
Follow on Google News
मृतकों के नाम पर बांट दी संबल-पेंशन की करोड़ों रुपए की राशि
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    अशोक गौतम,भोपाल। ग्राम पंचायतों को नियम, कायदे और भुगतान के संबंध में ट्रेनिंग की जरूरत है, क्योंकि पंचायतें मनमाने ढंग से काम कर रही हैं। यह सुझाव स्थानीय निधि संपरीक्षा ने पंचायतों की जांच में वित्तीय अनियमितताएं उजागर करते हुए दिया है। रिपोर्ट में बताया गया  कि संबल योजना में मृतकों के नाम से  सामाजिक सुरक्षा पेंशन की करोड़ों रुपए बांट दिए गए। सप्लायरों को दोबारा, अधिक भुगतान, कई पंचायतों में सामग्री का रेट से ज्यादा भुगतान करने के मामले आए हैं।

    सामग्री खरीदी की पड़ताल

    संचालक स्थानीय निधि परीक्षा ने  वर्ष 2021 व 2022 में पंचायतों में संचालित योजनाओं और सामग्री खरीदी की पड़ताल की। इसमें पाया कि पंचायतों में क्रय नियमों, भुगतान संबंधी दस्तावेजों और उसके नियमों का पालन नहीं हो रहा है। सैंपल के तौर पर प्रदेश के 32 जनपद पंचायतों और 4,674 पंचायतों को शामिल किया था।

    मृत्यु के बाद संबल योजना में पंजीयन

    तामिया व चौरई जनपद पंचायत में हितग्राहियों को मृत्यु के बाद संबल योजना में पंजीयन किया गया है और दस लाख रुपए का भुगतान किया गया। तामिया में मृत व्यक्तियों के नाम से पंजीयन करके 21 लाख रुपए का भुगतान किए जाने का मामला सामने आया है।

    मृतकों को सामाजिक पेंशन

    जनपद पंचायत सेगांव में सामाजिक सुरक्षा पेंशन में लाखों रुपए की गड़बड़ियां पाई गई हैं। जांच में पाया कि हजारों पेंशनरों को जीवित होने के प्रमाण पत्र नहीं होने पर भी 50 लाख रुपए की पेंशन बांट दी गई।

    Featured News

    सर्विस प्रोवाइडर और सप्लायरों को दो बार भुगतान

    विदिशा, तामिया, घोड़ाडोंगरी, पाली, नीमच, शाजापुर, गोटेगांव, राघौगढ़, करेरा, मंडला सहित 15 ब्लॉकों में एक ही काम पर दो-दो बार एक लाख से अधिक का भुगतान हो गया।

    कई जगहों पर अधिक भुगतान

    विदिशा में बैनर, फ्लैक्स, डीजल सहित अन्य व्यवस्थाओं के लिए 46 हजार की जगह पर एक लाख 56 हजार रुपए से अधिक का भुगतान हुआ। पाटन में टेलीकॉम को 2,493 रुपए की जगह पर 5,493 रुपए वीपी सोनी को भुगतान किया गया। चौरई में तुलसी ज्वेलर्स को 43 हजार से का अधिक भुगतान किया गया।

    टैक्स वसूली में गड़बड़झाला

    पंचायतें बाजारों से वसूली करती हैं, लेकिन इसके रसीद, बिल बुक का पता नहीं है। संपत्तिकर सहित अन्य करों से कितनी आय हुई और कितना खर्च हुआ, यह पंचायतों को भी पता नहीं है। संपरीक्षा द्वारा ऑडिट के दौरान इसकी जानकारी पंचायतों ने नहीं उपलब्ध कराई।  इस तरह से 92 जनपद पंचायतों में 9 करोड़ की गड़बड़ियां उजागर हुई हैं।

    वसूली में हीलाहवाली 

    पंचायतें किराया, जलाशय पट्टी की राशि, दुकान किराया सहित अन्य वसूली के मामले में हीलाहवाली कर रहा है। इससे 15 जनपद पंचायतों में आॅडिट के दौरान 14 करोड़ रुपए से अधिक राशि की वसूली बकाया है।  चांवरपाठा में नौकाघाट नीलामी की 28 लाख रुपए से ज्यादा की वसूली राशि वर्षों से बकाया है। शहपुरा शासकीय भवन का 14 लाख रुपए किराया वसूली बकाया है। 

    Naresh Bhagoria
    By Naresh Bhagoria

    नरेश भगोरिया। 27 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्ववि...Read More

    नई दिल्ली
    --°
    बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
    Source:AccuWeather
    icon

    Latest Posts