Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

एमपी के 12 लाख कर्मचारियों को मिलेगा दिवाली गिफ्ट! 5 प्रतिशत महंगाई भत्ता बढ़ने की उम्मीद, जानें कितनी हो जाएगी सैलरी

दिवाली पर तोहफा मिलेगा? 12 लाख कर्मचारियों और पेंशनर्स की नजर इसी पर है। MP DA hike 2026 पर राज्य सरकार ने अभी कोई घोषणा नहीं की। केंद्र ने डीए 63% कर दिया, जबकि मध्यप्रदेश महंगाई भत्ता 58% पर है। कर्मचारी संगठन 5% बढ़ोतरी मांग रहे हैं। इसका खर्च करीब 1,202 करोड़ रुपए आंका गया है।
एमपी के 12 लाख कर्मचारियों को मिलेगा दिवाली गिफ्ट! 5 प्रतिशत महंगाई भत्ता बढ़ने की उम्मीद, जानें कितनी हो जाएगी सैलरी

मध्यप्रदेश के कर्मचारियों और पेंशनर्स को दिवाली से पहले राहत की उम्मीद है। राज्य सरकार 5% डीए और डीआर बढ़ाने का ऐलान कर सकती है। अभी आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। एमपी कर्मचारी डीए बढ़ोतरी हुई तो करीब 12 लाख लोगों को फायदा मिलेगा। यह दिवाली पर तोहफा साबित हो सकता है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जल्द फैसला ले सकते हैं।

केंद्र सरकार ने बुधवार, 28 अक्टूबर को डीए बढ़ा दिया। डीए (DA – Dearness Allowance, यानी महंगाई भत्ता) में 3% का इजाफा हुआ है। इससे केंद्र का कुल डीए 63% हो गया। बढ़ोतरी 1 जुलाई 2026 से लागू है। 

मध्यप्रदेश में तस्वीर अलग है। वहां सातवें वेतनमान के आधार पर dearness allowance अभी 58% है। पेंशनर्स को डीआर (DR – Dearness Relief, यानी महंगाई राहत) 58% मिलती है। MP DA hike 2026 पर फैसला अभी बाकी है। सवाल सीधा है। क्या सरकार दोनों किस्तें एक साथ मंजूर करेगी?

मध्यप्रदेश महंगाई भत्ता 5% पीछे

मध्यप्रदेश महंगाई भत्ता केंद्र से 5 प्रतिशत अंक पीछे है। यानी Madhya Pradesh government employees केंद्र के मुकाबले पीछे छूट गए। कर्मचारी जनवरी 2026 से लंबित 2% बढ़ोतरी का इंतजार कर रहे हैं। जुलाई 2026 से देय 3% भी बाकी है। संगठन चाहते हैं कि सरकार दोनों किस्तें मिलाकर कुल 5% दे। केंद्र के DA hike के बाद उनकी उम्मीदें और बढ़ गई हैं।

केंद्रीय कर्मचारियों को दीवाली का तोहफा, डीए में 3% बढ़ोतरी; कैबिनेट ने दी मंजूरी

एमपी डीए बढ़ोतरी के बाद किसे कितना?

अब जरा जेब का हिसाब देखिए। सरकार दोनों बढ़ोतरी एक साथ मंजूर करे, तो हर पद की तनख्वाह बढ़ेगी। चतुर्थ श्रेणी में हर महीने 775 से 2,000 रुपए से ज्यादा का इजाफा होगा। तृतीय श्रेणी में हर महीने 975 से 3,000 रुपए से ज्यादा की बढ़ोतरी मिलेगी।

द्वितीय श्रेणी अधिकारियों को हर महीने 3,365 से 4,000 रुपए से ज्यादा मिलेंगे। प्रथम श्रेणी अधिकारियों को 6,155 से 7,500 रुपए या उससे अधिक मिल सकते हैं। ये अनुमान हैं। असली रकम मूल वेतन, पेंशन और नियमों पर निर्भर करेगी।

सरकारी खजाने पर 1,202 करोड़ का भार

कर्मचारी संगठनों ने खर्च का हिसाब भी लगाया है। जनवरी से जुलाई 2026 तक 2% भुगतान पर करीब 450 करोड़ रुपए लगेंगे।जुलाई से अक्टूबर 2026 तक 5% दर पर करीब 752 करोड़ रुपए अतिरिक्त लगेंगे। दोनों को मिलाकर सरकार पर करीब 1,202 करोड़ रुपए का बोझ आएगा। यह रकम कितनी भारी है? 12 लाख लोगों में बांटें तो प्रति व्यक्ति करीब 10 हजार रुपए बैठता है।

4 नवंबर को फिर प्रदर्शन की तैयारी

लिपिक वर्गीय कर्मचारी संघ और अध्यापक-शिक्षक संयुक्त मोर्चा 4 नवंबर को प्रदर्शन करेंगे। सतपुड़ा भवन के सामने ध्यानाकर्षण प्रदर्शन (सरकार का ध्यान खींचने वाला प्रदर्शन) होगा। 22 अक्टूबर को गवर्नमेंट प्रेस के पास भी प्रदर्शन हुआ था। यह प्रदर्शन मध्यप्रदेश तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ ने किया था।

कर्मचारी संगठनों की 6 मांगें...

  • पहली मांग: जनवरी 2026 से रुका 2% डीए-डीआर तुरंत दिया जाए। 
  • दूसरी मांग: जुलाई 2026 से 3% अतिरिक्त डीए-डीआर की घोषणा हो। 
  • तीसरी मांग: केंद्र और राज्य के बीच 5 अंक का अंतर खत्म हो।
  • चौथी मांग: पहले घोषित 3% डीए का एरियर (बकाया रकम) सभी जिलों में मिले। 
  • पांचवीं मांग: दिवाली से पहले बढ़े हुए डीए-डीआर के औपचारिक आदेश जारी हों। 
  • छठी मांग: जहां भी पुराना एरियर अटका है, वहां तुरंत पैसा जारी हो।

एरियर न मिलने से बढ़ रही नाराजगी

"पहले घोषित 3% डीए का एरियर कई जिलों में अब तक नहीं मिला है। हमारे कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ रही है।"
-एमपी द्विवेदी, प्रदेश अध्यक्ष, लिपिक वर्गीय कर्मचारी मोर्चा

यही बात शिक्षक संगठन के नेता ने भी कही।

शिक्षकों के संगठन ने भी जताई नाराजगी

"कई जिलों में पहले घोषित 3% डीए का एरियर अब तक नहीं पहुंचा है। इससे कर्मचारियों की नाराजगी बढ़ रही है।"
-उपेंद्र कौशल, कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष, शासकीय शिक्षक संगठन मध्यप्रदेश

पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने भी सरकार को पत्र लिखा है। यह पत्र मुख्यमंत्री मोहन यादव और मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल के नाम है। इसमें वित्त विभाग के अपर मुख्य सचिव मनीष रस्तोगी भी शामिल हैं।

पेंशनर्स की मांग: आदेश तुरंत जारी हों

"हमारी मांग है कि 1 जनवरी 2026 से लंबित 2% और 1 जुलाई 2026 से 3% महंगाई राहत (कुल 5%) के आदेश तुरंत जारी हों।"
-आमोद सक्सेना, प्रदेश अध्यक्ष, पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन

महंगाई से निपटने का आर्थिक सहारा

"यह राहत बढ़ती महंगाई से निपटने के लिए बेहद जरूरी आर्थिक सहारा है।"
-गणेश दत्त जोशी, संरक्षक, पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन

भोपाल के पेंशनर्स को फैसले की उम्मीद

"हमें उम्मीद है कि सरकार बुजुर्ग पेंशनरों के हित में बहुत जल्द सकारात्मक फैसला लेगी।"
– सुरेश शर्मा, जिला अध्यक्ष भोपाल, पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन

मध्यप्रदेश के सरकारी कर्मचारी अब सरकार के फैसले का इंतजार कर रहे हैं। अगर आप MP DA hike news ढूंढ रहे हैं, तो ताजा स्थिति यही है। दिवाली पर तोहफा मिलेगा या नहीं, यह अब सरकार के फैसले पर टिका है।

Jitendra Shrivastava
By Jitendra Shrivastava

Latest Posts