मुरैना में सिस्टम की शर्मनाक तस्वीर! कढ़ाई में शव रखकर पार कराया उफनता नाला

मुरैना से सामने आई एक तस्वीर ने सरकारी व्यवस्थाओं और विकास के दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पहाड़गढ़ जनपद पंचायत के भौरूसिंह का पुरा गांव में लगातार बारिश के बाद नाला उफान पर आ गया। इसके चलते ग्रामीणों के सामने ऐसी मुश्किल खड़ी हो गई कि एक शव को अंतिम संस्कार के लिए चार कंधों की बजाय लोहे की बड़ी कढ़ाई में रखकर नाला पार कराना पड़ा।
चार कंधों की जगह कढ़ाई में अंतिम सफर
बताया जा रहा है कि गांव के रहने वाले हुकुम सिंह परमार का निधन हो गया था। अंतिम संस्कार के लिए शव को गांव से बाहर ले जाना था, लेकिन लगातार बारिश के कारण नाला उफान पर था और सामान्य रास्ता बंद हो गया। ऐसे हालात में ग्रामीणों ने लोहे की बड़ी कढ़ाई का सहारा लिया। शव को कढ़ाई में रखा गया और ग्रामीण जोखिम उठाकर उसे उफनते नाले के पार ले गए।
गांव में नहीं है श्मशान घाट
ग्रामीणों के मुताबिक, भौरूसिंह का पुरा गांव की आबादी 2 हजार से ज्यादा है, लेकिन यहां अंतिम संस्कार के लिए व्यवस्थित श्मशान घाट की सुविधा नहीं है। श्मशान घाट नहीं होने के कारण परिजनों को निजी खेत में अंतिम संस्कार करने के लिए मजबूर होना पड़ा। बारिश के दौरान नाला उफान पर आने से समस्या और गंभीर हो गई।
वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल
घटना का वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। ग्रामीणों ने इन तस्वीरों के जरिए प्रशासन का ध्यान गांव की बदहाल व्यवस्था की ओर खींचा है। इस घटना ने विकास कार्यों को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। सवाल यह है कि जब गांवों में विकास के नाम पर लाखों रुपये खर्च करने के दावे किए जाते हैं, तो फिर किसी व्यक्ति को मौत के बाद भी सम्मानजनक अंतिम संस्कार की सुविधा क्यों नहीं मिल पा रही?
जांच और कार्रवाई का भरोसा
मामले पर जिला पंचायत CEO कमलेश भार्गव ने कहा कि अगर ग्राम पंचायत में श्मशान घाट का निर्माण नहीं हुआ है या निर्माण कार्य में किसी तरह की अनियमितता सामने आती है, तो इसकी जांच कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और गांव में जल्द से जल्द श्मशान घाट का निर्माण कराया जाएगा।



















