Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

ज्ञानवापी मामले में बड़ा फैसला : हाईकोर्ट ने खारिज की मुस्लिम पक्ष की याचिका, कहा- न्याय के लिए ASI सर्वे जरूरी

Follow on Google News
ज्ञानवापी मामले में बड़ा फैसला : हाईकोर्ट ने खारिज की मुस्लिम पक्ष की याचिका, कहा- न्याय के लिए ASI सर्वे जरूरी
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ज्ञानवापी परिसर के ASI सर्वे को लेकर गुरुवार को बड़ा फैसला सुनाया। कोर्ट ने अंजुमन इंतजामिया मस्जिद कमेटी की याचिका खारिज कर दी। इसके साथ ही तत्काल रूप से सेशन कोर्ट के आदेश का पालन करने यानी सर्वे शुरू करने का ऑर्डर दिया। दरअसल, 21 जुलाई को वाराणसी जिला जज ने ज्ञानवापी के ASI सर्वे का आदेश दिया था। जिसके बाद ASI सर्वे के फैसले को मुस्लिम पक्ष ने पहले सुप्रीम कोर्ट फिर हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। वहीं अब हाईकोर्ट ने इस याचिका को खारिज करते हुए कहा कि, न्यायहित में ASI का सर्वे जरूरी है। कुछ शर्तों के तहत इसे लागू करने की आवश्यकता है।

ASI सर्वे पर लगी थी रोक

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के ASI सर्वे पर गुरुवार (27 जुलाई) को दोनों पक्षों की दलीलें सुनी थी। इसके बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था। वहीं अब कोर्ट ने आज यानी 3 अगस्त को फैसला सुनाया। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मस्जिद परिसर के भारतीय पुरातात्विक सर्वेक्षण (ASI) के लिए वाराणसी जिला अदालत के 21 जुलाई के आदेश के खिलाफ अंजुमन मस्जिद समिति द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई की थी। सुनवाई चीफ जस्टिस प्रीतिंकर दिवाकर ने की थी।

जांच से ढांचे को कोई नुकसान नहीं पहुंचेगा

26 जुलाई को सुनवाई के दौरान ASI ने कोर्ट में हलफनामा देते हुए कहा था कि जांच से ढांचे को कोई नुकसान नहीं पहुंचेगा। इस दौरान मुस्लिम पक्ष ने सर्वे का विरोध किया। भारतीय पुरात्व सर्वेक्षण के अधिकारी आलोक त्रिपाठी ने कहा, ‘सर्वे में प्रॉपर्टी रिकॉर्ड की जाती है। छोटी मशीन से सैंपल बताया जाता है। फोटो में क्लोजअप लिया जाता है।’ सुनवाई में मंदिर पक्ष के अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने कहा कि मॉर्डन तकनीक से स्ट्रक्चर की जांच की जा सकती है, वो भी बिना नुकसान पहुंचाए।

अगस्त 2021 में शुरू हुआ विवाद

दरअसल, अगस्त 2021 में पांच महिलाओं ने वाराणसी के सिविल जज (सीनियर डिविजन) के सामने एक वाद दायर किया था। उन्होंने ज्ञानवापी मस्जिद के बगल में बने श्रृंगार गौरी मंदिर में रोजाना पूजा और दर्शन करने की अनुमति देने की मांग की थी। महिलाओं की याचिका पर जज ने ज्ञानवापी परिसर का सर्वे कराने का आदेश दिया था, पिछले साल तीन दिन तक सर्वे हुआ था। जिसके बाद हिंदू पक्ष ने यहां शिवलिंग मिलने का दावा किया था।

वाराणसी कोर्ट ने दिया था ASI सर्वे का आदेश

वाराणसी कोर्ट ने शुक्रवार को ज्ञानवापी मस्जिद का ASI सर्वे कराने की इजाजत दी। विवादित हिस्से को छोड़ कर पूरे परिसर की ASI सर्वे को मंजूरी मिली। मुस्लिम पक्ष ने सर्वे का विरोध किया था, लेकिन कोर्ट ने सभी दलीलों को सुनने के बाद यह फैसला सुनाया। दरअसल, वाराणसी के चर्चित श्रृंगार गौरी-ज्ञानवापी मामले में 14 जुलाई को मस्जिद का सर्वे कराने की याचिका पर सुनवाई पूरी हो गई थी। जिसके बाद जिला जज ने ऑर्डर रिजर्व कर लिया था। जज अजय कृष्ण विश्वेश की कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए ASI सर्वे का आदेश दिया। ये भी पढ़ें- ज्ञानवापी मामले पर CM योगी का बड़ा बयान, बोले- मस्जिद कहेंगे तो विवाद होगा; पूछा- वहां त्रिशूल कैसे आया?
Manisha Dhanwani
By Manisha Dhanwani

मनीषा धनवानी | जागरण लेकसिटी यूनिवर्सिटी से BJMC | 6 वर्षों के पत्रकारिता अनुभव में सब-एडिटर, एंकर, ...Read More

Latest Posts